न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क
राहुल कुमार / शेरघाटी - गया जिले के इमामगंज प्रखंड की झिकटिया पंचायत में मनरेगा योजनाओं में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी और भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि पंचायत में वृक्षारोपण योजनाओं के नाम पर सरकारी राशि की निकासी कर ली गई, जबकि जमीन पर कहीं भी पौधे नहीं लगाए गए। ग्रामीणों का कहना है कि बिना कार्य कराए ही कई योजनाओं का मास्टर रोल निकाल लिया गया और सरकारी राशि का बंदरबांट किया गया। मामले को लेकर गांव में भारी आक्रोश है और जिला प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग की गई है।
हाईलाइट्स -
- झिकटिया पंचायत में मनरेगा योजनाओं में बड़े घोटाले का आरोप
- वृक्षारोपण के नाम पर सरकारी राशि निकासी की शिकायत
- जीपीएस तस्वीरों में कई योजनाओं की खुली पोल
- बिना काम कराए मास्टर रोल निकालने का आरोप
- ग्रामीणों ने उच्चस्तरीय जांच और कार्रवाई की मांग की
कागजों पर पौधे, जमीन पर कुछ नहीं
स्थानीय ग्रामीणों ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि पंचायत में मनरेगा के तहत कई वृक्षारोपण योजनाएं संचालित दिखाई गई हैं। सरकारी रिकॉर्ड में मजदूरों से काम कराए जाने और पौधारोपण का दावा किया गया है, लेकिन मौके पर न तो पौधे दिखाई दे रहे हैं और न ही किसी प्रकार का कार्य हुआ है। ग्रामीणों का आरोप है कि योजनाओं में फर्जी तरीके से मास्टर रोल निकालकर राशि का भुगतान कर दिया गया।
जीपीएस तस्वीरों से खुली पोल
ग्रामीणों के अनुसार जब कुछ लोगों ने योजनाओं की स्थलीय जांच की और जीपीएस कैमरा लोकेशन के साथ तस्वीरें लीं, तब कई योजनाओं में वृक्षारोपण का कोई निशान नहीं मिला। इसके बावजूद संबंधित योजनाओं को पूर्ण दिखाकर भुगतान कर दिया गया। ग्रामीणों का कहना है कि यदि निष्पक्ष जांच कराई जाए तो सरकारी राशि के दुरुपयोग का बड़ा खुलासा हो सकता है।
इन योजनाओं में गड़बड़ी का आरोप
ग्रामीणों ने पंचायत की कई योजनाओं में अनियमितता का आरोप लगाया है। इनमें ग्राम करमौन में गढ़ आहर पइन के दक्षिणी छोर पर वृक्षारोपण, कन्हाई राम के घर से गोधन भारती के घर तक पइन किनारे पौधारोपण, सुरेश भूइया के घर से पूबाही आहार तक वृक्षारोपण, पटखौलिया आहार एवं सड़क किनारे पौधारोपण, एकंबा के चमार आहार पर वृक्षारोपण भाग-2 तथा करोन गांव में नदी किनारे वृक्षारोपण योजना शामिल हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि इन सभी योजनाओं में केवल कागजों पर काम दिखाकर राशि की निकासी कर ली गई।
शिकायत मिली तो होगी कार्रवाई : पीओ
इस मामले में इमामगंज के कार्यक्रम पदाधिकारी रमेश कुमार ने फोन पर बताया कि उन्हें अभी तक कोई आधिकारिक शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि शिकायत मिलने पर मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने, सरकारी राशि की निकासी की जांच करने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो पंचायत स्तर पर भ्रष्टाचार को बढ़ावा मिलेगा।
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