न्यूज 11 भारत/बिहार डेस्क
अफरोज आलम/समस्तीपुर: समस्तीपुर में पुलिस लाइन में तैनात एक महिला सिपाही की सदर अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। मृतका की पहचान 2015 बैच की महिला सिपाही मालती कुमारी के रूप में की गई है। वह रोहतास जिले के चेनारी थाना क्षेत्र के मलहीपुर गांव की रहने वाली थीं। वर्तमान में वह समस्तीपुर पुलिस लाइन स्थित रक्षित कार्यालय की निर्गत शाखा में पदस्थापित थीं।
महिला सिपाही की मौत के बाद साथी पुलिसकर्मियों में आक्रोश फैल गया। बड़ी संख्या में जवान सदर अस्पताल पहुंचे और उपचार में लापरवाही का आरोप लगाते हुए मामले की जांच कर जिम्मेदारी तय करने की मांग की।
साथी सिपाहियों के अनुसार, मालती कुमारी को पेट दर्द की शिकायत के बाद रात करीब 3:30 बजे सदर अस्पताल लाया गया था। इमरजेंसी में प्रारंभिक उपचार के बाद ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक ने उन्हें आईसीयू में भर्ती करने की सलाह दी। इसके बाद उन्हें आईसीयू में ले जाया गया।
सिपाहियों का आरोप है कि आईसीयू में भर्ती किए जाने के समय वहां कोई डॉक्टर या कर्मचारी मौजूद नहीं था। बाद में इमरजेंसी में तैनात डॉक्टर संतोष कुमार के आईसीयू पहुंचने के बाद उपचार शुरू किया गया। हालांकि, कुछ ही देर बाद महिला सिपाही की मौत हो गई। मृतका के साथी पुलिसकर्मियों ने आरोप लगाया कि आईसीयू में रेफर किए जाने के बावजूद वहां तत्काल चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध नहीं थी। उनका यह भी आरोप था कि आईसीयू का एसी बंद था।
पुलिस जवानों ने सवाल उठाया कि जब महिला सिपाही को पेट दर्द की शिकायत पर अस्पताल लाया गया था, तो उपचार के दौरान उसकी स्थिति इतनी गंभीर कैसे हो गई। हालांकि, महिला सिपाही की मौत का वास्तविक चिकित्सकीय कारण क्या था, यह पोस्टमार्टम रिपोर्ट और चिकित्सकीय जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। डॉक्टर की ओर से लापरवाही के आरोपों पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
महिला सिपाही की मौत की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी सदर अस्पताल परिसर में जुट गए। जवानों ने अस्पताल प्रबंधन के समक्ष नाराजगी जताई और उपचार व्यवस्था पर सवाल उठाए।इस दौरान अस्पताल परिसर में काफी देर तक गहमागहमी की स्थिति बनी रही। साथी पुलिसकर्मियों का आरोप था कि समय पर समुचित उपचार और आवश्यक चिकित्सकीय निगरानी मिलती, तो संभव है कि महिला सिपाही की जान बचाई जा सकती थी। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई की मांग की।
घटना की सूचना मिलने के बाद एसपी अरविंद प्रताप सिंह, प्रभारी सदर एसडीपीओ-1 दुर्गेश दीपक, मुफस्सिल थानाध्यक्ष अजीत प्रसाद सिंह समेत भारी संख्या में पुलिस बल सदर अस्पताल पहुंचे। प्रभारी सदर एसडीपीओ-1 ने अस्पताल परिसर में मौजूद पुलिसकर्मियों से जानकारी ली और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। उन्होंने पूरे मामले की जानकारी ली और आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिया।
साथी पुलिसकर्मियों के अनुसार, मालती कुमारी के दो छोटे-छोटे बच्चे हैं। वह समस्तीपुर में अपने बच्चों और वृद्ध मां के साथ रहती थीं। उनके पति खेती-बारी का काम करते हैं और गांव में रहते हैं। महिला सिपाही की मौत की सूचना उनके परिजनों को दे दी गई है।