Long-lost son returns after 16 years: Ramesh Ganjh

16 साल बाद लौटा बिछड़ा बेटा: चेन्नई की सामाजिक संस्था की पहल से रमेश गंझू अपने परिवार से मिले

पिपरवार थाना क्षेत्र के बेंती पंचायत अंतर्गत करमकट्टी गांव के निवासी रमेश गंझू के परिवार के लिए बीते 16 वर्ष किसी कठिन परीक्षा से कम नहीं थे. वर्षों पहले घर से निकले रमेश गंझू का कोई पता नहीं चल सका थ

By : Vaibhaw Vikram
16 साल बाद लौटा बिछड़ा बेटा: चेन्नई की सामाजिक संस्था की पहल से रमेश गंझू अपने परिवार से मिले

मुमताज अहमद/न्यूज11 भारत
पिपरवार/डेस्क:
पिपरवार थाना क्षेत्र के बेंती पंचायत अंतर्गत करमकट्टी गांव के निवासी रमेश गंझू के परिवार के लिए बीते 16 वर्ष किसी कठिन परीक्षा से कम नहीं थे. वर्षों पहले घर से निकले रमेश गंझू का कोई पता नहीं चल सका था. परिवार और रिश्तेदारों ने उन्हें खोजने के लिए हरसंभव प्रयास किए,लेकिन सफलता नहीं मिली. समय बीतने के साथ उनकी वापसी की उम्मीद भी धीरे-धीरे धूमिल पड़ने लगी थी.

लेकिन कहते हैं कि उम्मीद की एक किरण कभी-कभी चमत्कार बनकर लौटती है. ऐसा ही कुछ रमेश गंझू के परिवार के साथ हुआ. चेन्नई में कार्यरत सामाजिक संस्था उदवुम करंगल (मददगार हाथ) की पहल ने 16 वर्षों से बिछड़े इस परिवार को फिर से एक कर दिया.जानकारी के अनुसार संस्था के सदस्य श्रीनिवास रॉव को चेन्नई में रमेश गंझू मिले.बातचीत और जांच-पड़ताल के दौरान उन्होंने रमेश की पहचान तथा उनके परिवार की जानकारी जुटाने का प्रयास शुरू किया. 

काफी खोजबीन और विभिन्न माध्यमों से जानकारी एकत्र करने के बाद संस्था को रमेश गंझू के गृह जिला चतरा और उनके गांव करमकट्टी के बारे में जानकारी मिली.इसके बाद संस्था ने रमेश गंझू के पुत्र नागेश्वर गंझू से संपर्क किया और उन्हें पूरी स्थिति से अवगत कराया. पिता के जीवित होने और उनके मिलने की खबर सुनते ही नागेश्वर गंझू की खुशी का ठिकाना नहीं रहा. उन्होंने बताया कि परिवार ने वर्षों पहले रमेश गंझू के वापस लौटने की उम्मीद लगभग छोड़ दी थी.ऐसे में अचानक उनके जीवित होने और मिलने की खबर किसी चमत्कार से कम नहीं थी.

पिता की खबर मिलते ही नागेश्वर गंझू चेन्नई पहुंचे और अपने पिता को सकुशल घर लेकर आए. 16 वर्षों बाद जब रमेश गंझू ने अपने घर की चौखट पर कदम रखा तो परिवार के सदस्यों की आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े. लंबे समय बाद हुए इस भावुक मिलन ने वहां मौजूद सभी लोगों को भावुक कर दिया.रमेश गंझू के घर लौटने की खबर पूरे गांव में तेजी से फैल गई. गांव में खुशी का माहौल है और लोग लगातार उनके घर पहुंचकर उनसे मुलाकात कर रहे हैं. 

रिश्तेदार, मित्र और ग्रामीण इस पुनर्मिलन को ईश्वर की कृपा और सामाजिक संस्था के अथक प्रयासों का परिणाम बता रहे हैं.यह घटना न केवल एक परिवार के पुनर्मिलन की कहानी है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि मानवीय संवेदनाएं और सामाजिक सहयोग किसी के जीवन में नई उम्मीद और खुशियां लौटा सकते हैं. 16 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद रमेश गंझू की घर वापसी ने पूरे क्षेत्र में खुशी और भावनाओं का माहौल बना दिया है.

यह भी पढ़ें: कुमार सत्यम भारद्वाज की अनिवार्य सेवानिवृत्ति रद्द, हाईकोर्ट के आदेश पर हुई पुनर्बहाली

संबंधित सामग्री

JPSC-JSSC परीक्षा रद्द करने के मामले में 7 अक्टूबर को अगली सुनवाई 

JPSC-JSSC परीक्षा रद्द करने के मामले में 7 अक्टूबर को अगली सुनवाई 

मामले में कोर्ट की ओर से जवाब दाखिल करने के लिए प्रार्थियों को समय दिया गया है.

समस्तीपुर में महिला सिपाही की इलाज के दौरान मौत, अस्पताल पर लापरवाही का आरोप 

समस्तीपुर में महिला सिपाही की इलाज के दौरान मौत, अस्पताल पर लापरवाही का आरोप 

समस्तीपुर में पुलिस लाइन में तैनात एक महिला सिपाही की सदर अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। 

अचानक वीरूपुर थाने पहुंचीं एसपी प्रेरणा कुमार, लंबित मामलों के जल्द निपटारे का दिया निर्देश

अचानक वीरूपुर थाने पहुंचीं एसपी प्रेरणा कुमार, लंबित मामलों के जल्द निपटारे का दिया निर्देश

लखीसराय की पुलिस अधीक्षक (एसपी) प्रेरणा कुमार ने वीरूपुर थाना का विस्तृत निरीक्षण किया। irpur

JPSC-JSSC परीक्षा रद्द करने के मामले में 7 अक्टूबर को अगली सुनवाई 

JPSC-JSSC परीक्षा रद्द करने के मामले में 7 अक्टूबर को अगली सुनवाई 

मामले में कोर्ट की ओर से जवाब दाखिल करने के लिए प्रार्थियों को समय दिया गया है.

पटना सिविल कोर्ट को फिर बम से उड़ाने की धमकी, सर्च ऑपरेशन जारी 

पटना सिविल कोर्ट को फिर बम से उड़ाने की धमकी, सर्च ऑपरेशन जारी 

पटना सिविल कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। यह धमकी मेल के जरिए दी गई है।