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रांची/डेस्क: झारखंड में बहुचर्चित उत्पाद सिपाही भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले में जेल में बंद तीन आरोपियों को बड़ी राहत मिली हैं. अपर न्याययुक्त योगेश कुमार की अदालत से उत्तम कुमार, लफ़ाज खान और रामजी अंसारी को जमानत दे दी गई हैं.
बताया जा रहा है कि इस मामले में अब तक कुल 158 आरोपियों को पहले ही जमानत मिल चुकी हैं. वहीं, 11 अप्रैल को पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कुल 166 आरोपियों को गिरफ्तार किया था. सभी को तमाड़ थाना क्षेत्र के रड़गांव से पकड़ा गया था. जांच में सामने आया था कि यह अंतरराज्यीय पेपर लीक और पेपर सॉल्वर गिरोह का मामला था. गिरोह में सरगना समेत पांच मुख्य आरोपी शामिल थे, जिनमें अतुल वत्स, विकास कुमार, शेर सिंह, आशीष कुमार और योगेश प्रसाद के नाम सामने आए थे.
पुलिस जांच के अनुसार, गिरोह के एजेंट अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले प्रश्न और उसके उत्तर रटा रहे थे. इसके लिए तमाड़ के रड़गांव में बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों को एकत्र किया गया था. अभ्यर्थियों के मोबाइल फोन और एडमिट कार्ड भी गैंग के सदस्यों ने अपने कब्जे में ले लिए थे. इतना ही नहीं, कुछ अभ्यर्थियों से बैंक चेक भी गिरोह के सदस्यों के नाम पर लिए गए थे. मामले को लेकर तमाड़ थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी. पुलिस को 11 अप्रैल की रात सूचना मिली थी कि रड़गांव के एक अर्धनिर्मित भवन में बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों का जमावड़ा लगा हुआ हैं. सूचना के बाद विशेष छापेमारी दल ने देर रात वहां धावा बोला. छापेमारी के दौरान भवन के बाहर बड़ी संख्या में वाहन खड़े मिले. पुलिस टीम को देखते ही मौके पर मौजूद लोग भागने लगे, लेकिन कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 166 लोगों को गिरफ्तार कर लिया था.
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