पुलिस के साथ मुठभेड़

ओडिशा-झारखंड बॉर्डर का मोस्ट वांटेड चोर पुलिस एनकाउंटर में ढेर होने से बचा,जंगल में रिकवरी के दौरान चलाई थी गोली

चोरी और डकैती के 25 से 30 से मामले में आपराधिक मामले दर्ज हैं

By : Pramod Kumar , News11 Bharat
ओडिशा-झारखंड बॉर्डर का मोस्ट वांटेड चोर पुलिस एनकाउंटर में ढेर होने से बचा,जंगल में रिकवरी के दौरान चलाई थी गोली

रोहन निषाद/न्यूज़ 11 भारत

चाईबासा/डेस्क:  झारखंड और ओडिशा पुलिस की नाक में दम करने वाला कुख्यात अंतरराज्यीय चोर मोहम्मद नफीस सोमवार तड़के ओडिशा के क्योंझर जिले में एक पुलिस मुठभेड़ के दौरान घायल हो गया. पैर में गोली लगने के बाद पुलिस ने उसे दोबारा दबोच लिया है. नफीस पर दोनों राज्यों के सीमावर्ती इलाकों में चोरी और डकैती के 25 से 30 से मामले में आपराधिक मामले दर्ज हैं. वह मूल रूप से झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) जिले के मझगांव का रहने वाला है.

माल बरामदगी के दौरान पुलिस पर हमला

पुलिस के अनुसार नफीस को हाल ही में गिरफ्तार किया गया था. पूछताछ के दौरान उसने कबूला था कि उसने चोरी का कीमती सामान चंपुआ थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले पटला जंगल में छिपाकर रखा है. सोमवार सुबह करीब 5.30 बजे चंपुआ थाने की पुलिस टीम उसे लेकर माल बरामद कराने के लिए जंगल पहुंची थी.तभी अचानक, नफीस ने सामान निकालने के बहाने वहां पहले से छिपाकर रखी एक देसी पिस्तौल निकाल ली और पुलिस टीम पर दो राउंड फायर झोंक दिए. गोलीबारी के बाद उसने घने जंगल और सुबह के अंधेरे का फायदा उठाकर भागने का प्रयास किया.

 आत्मरक्षा में पुलिस ने चलाई गोली

अचानक हुए इस हमले से संभलते हुए पुलिस टीम ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की. इस क्रॉस-फायरिंग में पुलिस की एक गोली नफीस के दाहिने घुटने पर लगी, जिससे वह लहुलूहान होकर वहीं गिर पड़ा. पुलिस ने तुरंत उसे घेरकर दोबारा हिरासत में ले लिया. मुठभेड़ वाली जगह से पुलिस ने हमले में इस्तेमाल की गई देसी बंदूक और खोके बरामद किए हैं.

घायल अपराधी को तुरंत चंपुआ के स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे क्योंझर जिला अस्पताल रेफर कर दिया. फिलहाल वहां भारी सुरक्षा के बीच उसका इलाज चल रहा है.

 नए कानून (BNS) के तहत केस दर्ज

चंपुआ थाना प्रभारी ने बताया कि मोहम्मद नफीस काफी समय से झारखंड-ओडिशा के सीमावर्ती जिलों क्योंझर और मयूरभंज में सक्रिय था. वह चोरी की वारदातों को अंजाम देकर माल को जंगलों में ठिकाने लगा देता था.

पुलिस ने इस मुठभेड़ के बाद चंपुआ थाने में कांड संख्या 257/2026 दर्ज किया है. आरोपी नफीस के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 109(1) (हत्या का प्रयास), धारा 296 (अश्लील कृत्य और गाने/सार्वजनिक शांति भंग) और आर्म्स एक्ट की धारा 25 व 27 के तहत नया मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है. सीमावर्ती इलाकों की पुलिस इसे एक बड़ी कामयाबी मान रही है.

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