नीरज कुमार साहू/न्यूज़11 भारत
गुमला/डेस्क: उड़ीसा से बानो और बसिया के रास्ते रांची ले जा रही अवैध सखुवा लकड़ी की एक बड़ी खेप को वन विभाग ने जब्त करने में बड़ी सफलता हासिल की है. गुप्त सूचना पर शुरू हुए इस नाटकीय घटनाक्रम में फॉरेस्ट टीम की घेराबंदी देख तस्करों का ट्रक बेकाबू होकर बसिया स्थित पोकटा डैम में जा गिरा.
गुप्त सूचना पर वन विभाग ने बनाई घेराबंदी
वनपाल शेखर सिंह को गुप्त सूचना मिली थी कि लकड़ी तस्कर उड़ीसा से सखुवा के भारी-भरकम बोटे (लकड़ी) लादकर बानो और कुरकुरा बाकू टोली के रास्ते रांची की तरफ ले जा रहे हैं. सूचना मिलते ही वनपाल शेखर सिंह ने त्वरित कदम उठाते हुए अपनी विशेष टीम का गठन किया और तस्करों को रंगे हाथों धर दबोचने के लिए बानो-कुरकुरा मार्ग पर नाकाबंदी कर दी.
कुरकुरा से बसिया तक पीछा, चलते ट्रक से कूदा चालक
कामडारा-कुरकुरा के पास जैसे ही लकड़ी लदा ट्रक पहुंचा, चालक की नजर सामने खड़ी फॉरेस्ट टीम पर पड़ गई. पकड़े जाने के डर से चालक ने ट्रक की रफ्तार बढ़ा दी और भागने की कोशिश की. वनपाल शेखर सिंह की टीम ने भी तत्काल वाहन से ट्रक का पीछा करना शुरू कर दिया. कुरकुरा से शुरू हुआ यह पीछा बसिया तक जारी रहा. बसिया के पोकटा डैम के समीप जब वन विभाग की गाड़ी बिल्कुल करीब पहुंच गई, तो घबराया चालक आपा खो बैठा और चलते हुए ट्रक से नीचे कूदकर फरार हो गया.
पोकटा डैम में समाया ट्रक, क्रेन की मदद से निकाली गई लकड़ियां
चालक के कूदते ही बिना ड्राइवर का तेज रफ्तार ट्रक अनियंत्रित होकर सीधे पोकटा डैम में जा गिरा. दुर्घटना के तुरंत बाद वनपाल शेखर सिंह ने क्रेन मंगवाई. घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद पानी में डूबे ट्रक और उस पर लदे भारी मात्रा में सखुवा के बोटों को बाहर निकाला गया. वन विभाग ने ट्रक और अवैध लकड़ियों को पूरी तरह अपने कब्जे में ले लिया है. फरार ड्राइवर और इस अंतरराज्यीय लकड़ी तस्करी गिरोह के मुख्य सरगनाओं का सुराग लगाने के लिए विभाग ने सघन अनुसंधान शुरू कर दी है.