हाथी का आतंक

पोटका में हाथियों का कहर, 34 एकड़ धान की फसल बर्बाद; किसानों के बीच पहुंचे विधायक संजीव सरदार

करीब एक दर्जन हाथियों के लगातार गांव और खेतों में पहुंचने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है.

By : Dipali Kumari
पोटका में हाथियों का कहर, 34 एकड़ धान की फसल बर्बाद; किसानों के बीच पहुंचे विधायक संजीव सरदार

प्रभात कुमार/ न्यूज़11 भारत 
पोटका/डेस्क:
नारदा पंचायत के नेड़ोकोचा गांव और आसपास के इलाकों में पिछले करीब एक सप्ताह से हाथियों के झुंड ने डेरा डाल रखा है. करीब एक दर्जन हाथियों के लगातार गांव और खेतों में पहुंचने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है. हाथियों ने क्षेत्र में करीब 34 एकड़ धान की फसल को बर्बाद कर दिया है, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है.

जानकारी मिलते ही प्रभावित गांव पहुंचे विधायक

हाथियों के झुंड द्वारा लगातार फसल को नुकसान पहुंचाए जाने की जानकारी मिलने पर पोटका विधायक संजीव सरदार तत्काल नेड़ोकोचा गांव पहुंचे. उन्होंने प्रभावित किसानों और ग्रामीणों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनी तथा खेतों में पहुंचकर हाथियों से हुए नुकसान का जायजा लिया. ग्रामीणों ने विधायक को बताया कि पिछले कई दिनों से हाथियों का झुंड इलाके में घूम रहा है, जिससे रात के समय खेतों की रखवाली करना भी ग्रामीणों के लिए जोखिम भरा हो गया है.

विधायक संजीव सरदार ने मौके से ही डीएफओ को मामले की जानकारी दी और हाथियों से हुए फसल नुकसान का तत्काल आकलन कराने का निर्देश दिया. उन्होंने प्रभावित किसानों से जल्द से जल्द मुआवजे के लिए आवेदन कराने तथा प्रक्रिया पूरी कर पीड़ित किसानों को शीघ्र मुआवजा उपलब्ध कराने को कहा, ताकि हाथियों के कारण हुए आर्थिक नुकसान की कुछ भरपाई हो सके.

ग्रामीणों को दिए गए लाइट और पटाखे 

हाथियों के झुंड को गांव और खेतों से दूर रखने के लिए विधायक की ओर से प्रभावित ग्रामीणों के बीच लाइट एवं पटाखे समेत आवश्यक उपयोगी सामग्री उपलब्ध कराई गई. विधायक ने वन विभाग से भी ऐसी आवश्यक सामग्री ग्रामीणों को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया, ताकि हाथियों को सुरक्षित तरीके से आबादी और खेतों से दूर रखा जा सके.

विधायक ने डीएफओ से कहा कि पिछले एक सप्ताह से हाथियों का झुंड लगातार क्षेत्र में मौजूद है और किसानों की फसल को नुकसान पहुंचा रहा है. ऐसे में वन विभाग के गार्डों एवं संबंधित कर्मियों को पूरी तरह सक्रिय किया जाए तथा प्रभावित गांवों में लगातार निगरानी रखी जाए. उन्होंने कहा कि हाथियों को गांवों और खेतों में आने से रोकने के लिए वन विभाग की टीम ग्रामीणों के साथ समन्वय बनाकर काम करे.

संजीव सरदार ने कहा कि किसानों की मेहनत की फसल हाथियों द्वारा बर्बाद होने से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हुआ है. ऐसी स्थिति में किसानों को अकेला नहीं छोड़ा जाएगा. उन्होंने वन विभाग से तत्काल कार्रवाई करने तथा प्रभावित किसानों को नियमानुसार मुआवजा दिलाने की प्रक्रिया में तेजी लाने को कहा. साथ ही ग्रामीणों से भी अपील की कि हाथियों के झुंड के करीब न जाएं और किसी भी तरह की जानकारी मिलने पर तत्काल वन विभाग एवं प्रशासन को सूचित करें.

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