कार्ययोजनाओं की समीक्षा

मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने नगर विकास एवं आवास तथा पथ निर्माण विभाग की कार्ययोजनाओं की समीक्षा की

रोड नेटवर्क, मास्टर प्लान, यातायात व्यवस्था, ड्रेनेज सिस्टम, वेंडर मार्केट, पार्क एवं शहरी सुविधाओं को बेहतर बनाने पर मुख्यमंत्री ने दिए आवश्यक दिशा-निर्देश.

By : Ark Sahuliyar
मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने नगर विकास एवं आवास तथा पथ निर्माण विभाग की कार्ययोजनाओं की समीक्षा की

न्यूज11 भारत 
रांची/डेस्क:
मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने आज झारखंड मंत्रालय में नगर विकास एवं आवास विभाग तथा पथ निर्माण विभाग द्वारा संचालित कार्यों, योजनाओं एवं परियोजनाओं की समीक्षा की. बैठक में दोनों विभागों के अंतर्गत संचालित विभिन्न विकास योजनाओं की प्रगति, कार्यान्वयन की स्थिति तथा आगामी कार्ययोजनाओं की विस्तृत जानकारी ली गई. मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सभी योजनाओं का प्रभावी, गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए.

समीक्षा के दौरान रांची शहर को व्यवस्थित, सुगम एवं आधुनिक शहर के रूप में विकसित करने से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया. शहर के रोड नेटवर्क, फ्लाईओवर, विभिन्न पार्कों, चौक-चौराहों, यातायात व्यवस्था, ड्रेनेज सिस्टम तथा चल रही विकास परियोजनाओं की स्थिति की समीक्षा की गई. साथ ही रांची के मास्टर प्लान एवं आगामी वर्षों के लिए विकास की कार्ययोजना पर भी विस्तृत चर्चा हुई.

बैठक में राज्य के रोड नेटवर्क एवं संचालित कार्यों का ओवरव्यू, पिछले पांच वर्षों में बनाई गई कार्ययोजनाओं तथा भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप सड़क एवं परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने के उपायों की समीक्षा की गई. मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि शहर के बढ़ते विस्तार और आबादी को ध्यान में रखते हुए दीर्घकालिक एवं समग्र कार्ययोजना तैयार की जाए.

मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास का दायरा केवल रांची शहर तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि राज्य के अन्य प्रमुख शहरों को भी सुनियोजित एवं आधुनिक सुविधाओं से युक्त शहर के रूप में विकसित करने की दिशा में कार्य किया जाए. उन्होंने निर्देश दिया कि शहरों को जोनवार विभाजित कर आबादी एवं स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप विकास की कार्ययोजना तैयार की जाए.

सड़क निर्माण के साथ ड्रेनेज व्यवस्था को भी प्राथमिकता देने का निर्देश
मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने सड़क निर्माण की योजनाओं में जल निकासी की समुचित व्यवस्था को सड़क निर्माण का अभिन्न हिस्सा मानते हुए कार्य करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि सड़क के दोनों किनारों पर सुव्यवस्थित एवं वैज्ञानिक तरीके से ड्रेनेज सिस्टम विकसित किया जाए तथा सड़क एवं ड्रेनेज की पूरी संरचना को एकीकृत रूप से डिजाइन किया जाए. उन्होंने निर्देश दिया कि ड्रेनेज सिस्टम को सड़क की संरचना के अनुरूप पर्याप्त चौड़ाई एवं आवश्यक स्थान उपलब्ध कराया जाए, ताकि भविष्य में सड़क के किनारे अनियोजित निर्माण अथवा अतिक्रमण की स्थिति उत्पन्न न हो.

मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क के दोनों किनारों पर ड्रेनेज एवं पैदल आवागमन सहित आवश्यक सुविधाओं के लिए पर्याप्त स्थान का प्रावधान किया जाए. उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण के दौरान भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए पर्याप्त जगह का प्रावधान किया जाना आवश्यक है.

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सड़क की चौड़ाई, जल निकासी, पैदल यात्रियों की सुविधा एवं यातायात के सुचारू संचालन को ध्यान में रखते हुए समग्र डिजाइन तैयार किया जाए. विशेष रूप से बारिश के दौरान जलजमाव की समस्या वाले क्षेत्रों को चिन्हित कर वहां प्रभावी ड्रेनेज नेटवर्क विकसित किया जाए, ताकि जल निकासी निर्बाध रूप से हो सके और सड़कों पर पानी जमा होने के कारण यातायात बाधित न हो.

मुख्यमंत्री ने कहा कि ड्रेनेज सिस्टम केवल सड़क निर्माण के बाद की व्यवस्था न हो, बल्कि सड़क निर्माण की मूल परियोजना एवं डिजाइन का अनिवार्य हिस्सा हो. उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि जहां पहले से सड़कें बनी हुई हैं, वहां जलजमाव एवं जल निकासी से संबंधित समस्याओं का तकनीकी अध्ययन कर आवश्यकतानुसार ड्रेनेज व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए.

मुख्यमंत्री ने सड़क निर्माण एवं अन्य संचालित विकास कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा करने का सख्त निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में अनावश्यक विलंब किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगा. सभी विभाग एवं संबंधित एजेंसियां आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए परियोजनाओं की नियमित निगरानी सुनिश्चित करें, ताकि निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण तरीके से निर्धारित समय में पूरा हो और इसका सीधा लाभ आम लोगों को मिल सके.

वेंडर्स के लिए व्यवस्थित व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश
मुख्यमंत्री ने सड़क किनारे ठेला, गुमटी एवं अन्य स्वरोजगार के माध्यम से आजीविका चलाने वाले वेंडर्स को व्यवस्थित स्थान उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया. उन्होंने निर्देश दिया कि सभी वेंडर्स को चिन्हित करते हुए उनके लिए समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए. मुख्यमंत्री ने कहा कि शहर के प्रत्येक वार्ड में आवश्यकता के अनुरूप वेंडर मार्केट विकसित करने की दिशा में कार्य किया जाए, ताकि सड़क किनारे अनियोजित तरीके से लगने वाले बाजार एवं दुकानों के कारण होने वाले जाम और भीड़ की समस्या को कम किया जा सके. उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि वेंडर्स की आजीविका प्रभावित न हो और उन्हें सम्मानजनक एवं व्यवस्थित स्थान उपलब्ध कराया जाए.

यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री ने रांची शहर की यातायात व्यवस्था को और अधिक सुचारू एवं व्यवस्थित बनाने के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया. उन्होंने शहर में संचालित सभी बसों की संख्या, उनके रूट एवं समय-सारणी का समुचित डेटा तैयार करने को कहा, ताकि सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को बेहतर ढंग से संचालित किया जा सके और अनावश्यक भीड़ एवं यातायात दबाव को कम किया जा सके. उन्होंने शहर की सड़कों के बीच बने अनावश्यक कटों को चिन्हित कर उन्हें बंद करने तथा वाहनों के लिए निर्धारित चौक-चौराहों से ही सुरक्षित टर्निंग की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. मुख्यमंत्री ने कहा कि अनावश्यक कट के कारण वाहनों की आवाजाही प्रभावित होती है और कई स्थानों पर यातायात व्यवस्था बाधित होती है. ऐसे सभी स्थानों का अध्ययन कर आवश्यक सुधार किया जाए.

सड़क किनारे लटकते तार एवं अव्यवस्थित केबल को व्यवस्थित करने का निर्देश
मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने रांची शहर को स्वच्छ, सुरक्षित एवं व्यवस्थित स्वरूप प्रदान करने के लिए सड़कों, गलियों एवं सार्वजनिक स्थानों पर लटक रहे बिजली, टेलीकॉम एवं अन्य केबल तारों को व्यवस्थित करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि शहर की सड़कों एवं प्रमुख मार्गों पर खंभों में अव्यवस्थित तरीके से लिपटे तारों तथा पेड़ों की शाखाओं पर लटक रहे अनावश्यक एवं अनुपयोगी तारों को चिन्हित कर नियमानुसार हटाया जाए तथा उपयोग में आ रहे तारों को व्यवस्थित तरीके से लगाया जाए.

मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़कों के किनारे एवं चौक-चौराहों पर तारों का अनियोजित जाल शहर की सुंदरता को प्रभावित करने के साथ-साथ आम लोगों की सुरक्षा के लिए भी गंभीर समस्या उत्पन्न कर सकता है. इसलिए संबंधित विभाग एवं एजेंसियां आपसी समन्वय स्थापित कर ऐसे स्थानों का सर्वे कराएं और लटकते एवं अव्यवस्थित तारों को प्राथमिकता के आधार पर व्यवस्थित करने की कार्रवाई सुनिश्चित करें.

उन्होंने निर्देश दिया कि नए केबल एवं अन्य विद्युत/संचार तार बिछाने के दौरान भी निर्धारित मानकों एवं तकनीकी प्रावधानों का पालन किया जाए. सड़कों के किनारे बार-बार खुदाई की स्थिति उत्पन्न न हो, इसके लिए विभिन्न विभागों एवं संबंधित एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर एक समेकित व्यवस्था विकसित की जाए. जहां संभव हो, केबल एवं अन्य उपयोगिताओं के लिए निर्धारित कॉरिडोर अथवा डक्ट की व्यवस्था करने की दिशा में भी कार्य किया जाए.

मुख्यमंत्री ने पेड़ों पर अनावश्यक रूप से लटक रहे तारों को हटाने तथा पेड़ों एवं हरित क्षेत्रों को नुकसान पहुंचाए बिना उपयोगी तारों को सुरक्षित एवं व्यवस्थित तरीके से लगाने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि शहर के प्रमुख मार्गों, बाजार क्षेत्रों, आवासीय इलाकों एवं सार्वजनिक स्थलों पर इस कार्य को प्राथमिकता के साथ किया जाए.

सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे को चिन्हित कर कार्रवाई के निर्देश
मुख्यमंत्री ने सरकारी भूमि पर किए गए अवैध कब्जों को चिन्हित कर नियमानुसार कार्रवाई करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि सड़क किनारे अतिक्रमण एवं अनियोजित वेंडिंग की समस्या का समाधान करते हुए संबंधित लोगों के लिए वैकल्पिक एवं व्यवस्थित स्थान उपलब्ध कराया जाए, ताकि शहर की यातायात व्यवस्था भी सुचारू रहे और लोगों की आजीविका भी प्रभावित न हो. 

मुख्यमंत्री ने कहा कि रांची सहित राज्य के अन्य शहरों के विकास की योजना बनाते समय शहरी नियोजन, सड़क नेटवर्क, यातायात, ड्रेनेज, स्वच्छता, ठोस कचरा प्रबंधन, वेंडर व्यवस्था, सार्वजनिक परिवहन, पार्क एवं हरित क्षेत्र सहित सभी आवश्यक पहलुओं को समग्र रूप से शामिल किया जाए.

बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि योजनाओं की नियमित निगरानी की जाए और निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप कार्यों को समय पर पूरा कराया जाए. उन्होंने कहा कि शहरों का विकास केवल निर्माण कार्यों तक सीमित न हो, बल्कि नागरिकों को बेहतर, सुगम, सुरक्षित एवं व्यवस्थित शहरी सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है.

बैठक में मुख्य सचिव अविनाश कुमार, विकास आयुक्त अजय कुमार सिंह, प्रधान सचिव सुनील कुमार, उपायुक्त, रांची मंजूनाथ भजन्त्री, वरीय पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन सहित संबंधित विभागों के वरीय पदाधिकारी एवं अधिकारी उपस्थित थे.

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