प्रमोद कुमार/न्यूज़11 भारत
बरवाडीह/डेस्क: पलामू टाइगर रिजर्व के अंतर्गत हुनर से रोजगार योजना के तहत महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में सराहनीय पहल की जा रही है. इसी क्रम में पलामू व्याघ्र परियोजना (झारखंड) द्वारा संचालित सिलाई प्रशिक्षण एवं हस्तकला कार्यक्रम के अंतर्गत छिपादोहर पूर्वी वन क्षेत्र में 30 महिलाएं सिलाई का प्रशिक्षण प्राप्त कर रही हैं.
मंगलवार को डीएफओ प्रजेशकांत जेना एवं छिपादोहर पूर्वी प्रक्षेत्र के रेंजर अजय टोप्पो ने प्रशिक्षण केंद्र का निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने प्रशिक्षण ले रही महिलाओं से संवाद किया, उनकी समस्याएं सुनीं और उन्हें सिलाई कौशल को स्वरोजगार से जोड़ने को लेकर कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए. अधिकारियों ने कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के साथ-साथ उनके परिवार की आजीविका को भी मजबूती प्रदान करेंगे.निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने प्रशिक्षण की गुणवत्ता, संसाधनों की उपलब्धता और महिलाओं की प्रगति की जानकारी ली.
उन्होंने महिलाओं को नियमित अभ्यास करने, बाजार की मांग के अनुसार डिजाइन सीखने तथा समूह बनाकर कार्य करने की सलाह दी मौके पर प्रभारी वनपाल नवीन प्रसाद, राम कश्यप, शशांत पांडे, राहुल कुमार, सत्यनारायण उरांव, दिलीप कुमार समेत कई वन कर्मी उपस्थित थे. प्रशिक्षण कार्यक्रम को अग्रणी स्किल डेवलपमेंट सोसायटी द्वारा संचालित किया जा रहा है.स्थानीय महिलाओं ने इस पहल के लिए वन विभाग एवं पलामू टाइगर रिजर्व प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह प्रशिक्षण उनके जीवन में आत्मनिर्भरता की नई राह बताया गया.
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