न्यूज11 भरत
रांची/डेस्क: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने पश्चिम बंगाल के बहुचर्चित अवैध कोयला खनन और रंगदारी मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए विशेष पीएमएलए कोर्ट में 5 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है. इसमें मुख्य आरोपी चिन्मय मंडल और किरण खां शामिल हैं, जिन्हें फरवरी 2026 में ED द्वारा गिरफ्तार किया गया था. किरण रानीगंज के वक्तानगर और चिन्मय दुर्गापुर के रहने वाले हैं और दोनों मामा-भांजा बताए जाते है.
ED के तरफ से जारी प्रेस रिलीज के अनुसार, यह सिंडिकेट दुर्गापुर-आसनसोल क्षेत्र में सक्रिय था और झारखंड से अवैध कोयले के परिवहन व फर्जी दस्तावेजों के जरिए बिक्री में शामिल था. यह गिरोह वैध कारोबारियों से 'गुंडा टैक्स' (GT) वसूलता था, जो कोयले की कीमत का 20-25 प्रतिशत तक होता था.
ईडी ने खुलासा किया कि पिछले पांच वर्षों में इस सिंडिकेट ने लगभग 650 करोड़ रुपये की अवैध कमाई की है. ED की प्रेस रिलीज के अनुसार, छापेमारी के दौरान अब तक 17.57 करोड़ रुपये की नकदी और संपत्तियां जब्त की गई हैं. आरोपियों ने इस काली कमाई को सफेद करने के लिए कई मुखौटा कंपनियों का सहारा लिया.
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