न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क
पटना - बिहार के विश्वविद्यालयों और संबद्ध सरकारी-निजी कॉलेजों में दो वर्षीय बीएड एवं शिक्षा शास्त्र पाठ्यक्रम में दाखिले के लिए आयोजित होने वाली संयुक्त प्रवेश परीक्षा (सीईटी-बीएड 2026) आगामी 7 जून को कराई जाएगी। इस परीक्षा का आयोजन राज्य के 11 प्रमुख शहरों में किया जाएगा। परीक्षा प्रक्रिया को पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने के लिए संबंधित विश्वविद्यालयों के कुलपतियों और नोडल अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। अब तक राज्यभर से 82 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने सफलतापूर्वक आवेदन किया है। वहीं विलंब शुल्क के साथ ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 21 मई निर्धारित की गई है। परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा, बैठने की व्यवस्था और आधारभूत सुविधाओं की जांच के लिए भौतिक सत्यापन भी कराया जा रहा है।
हाईलाइट्स -
- 7 जून को आयोजित होगी बिहार सीईटी-बीएड 2026 परीक्षा
- 82 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने कराया सफल पंजीकरण
- 21 मई तक विलंब शुल्क के साथ आवेदन का मौका
- बिहार पुलिस में ASI तकनीकी के 22 पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरु
- मद्य निषेध अवर निरीक्षक भर्ती में 10 हजार से अधिक आवेदन रद्द
बिहार पुलिस में तकनीकी पदों पर भर्ती, 21 मई से शुरू होंगे आवेदन
बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग (बीपीएसएससी) ने सहायक अवर निरीक्षक (तकनीकी) के रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की घोषणा की है। बिहार पुलिस रेडियो शाखा में कुल 22 पदों को भरने के लिए ऑनलाइन आवेदन 21 मई से स्वीकार किए जाएंगे। इच्छुक अभ्यर्थी आयोग की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से 21 जून तक आवेदन कर सकेंगे। आयोग की ओर से जारी सूचना के अनुसार अभ्यर्थियों की आयु की गणना 1 अगस्त 2025 को आधार मानकर की जाएगी। तकनीकी क्षेत्र में करियर बनाने की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए यह अवसर महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भर्ती प्रक्रिया को लेकर आयोग जल्द विस्तृत दिशा-निर्देश भी जारी करेगा।
मद्य निषेध अवर निरीक्षक भर्ती में 10 हजार से अधिक आवेदन खारिज
इधर बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग द्वारा आयोजित अवर निरीक्षक मद्य निषेध भर्ती परीक्षा में बड़ी संख्या में आवेदन निरस्त किए गए हैं। आयोग ने जानकारी दी है कि 78 पदों के लिए प्राप्त आवेदनों में से 10 हजार 384 आवेदन विभिन्न त्रुटियों के कारण अमान्य पाए गए। सबसे अधिक आवेदन ऐसे रहे, जिनमें पंजीकरण तो किया गया लेकिन अंतिम रूप से फॉर्म जमा नहीं किया गया। इसके अलावा एक से अधिक आवेदन करना, अस्पष्ट फोटो अपलोड करना, हस्ताक्षर नहीं देना और अभ्यर्थियों द्वारा स्वयं आवेदन वापस लेना भी प्रमुख कारण रहे। आयोग ने अभ्यर्थियों को भविष्य में आवेदन भरते समय सभी निर्देशों को ध्यानपूर्वक पढ़ने और दस्तावेज सही तरीके से अपलोड करने की सलाह दी है।
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