प्रमोद कुमार/न्यूज़11 भारत
बरवाडीह/डेस्क: बरवाडीह में इन दिनों अंचल कार्यालय लगातार सुर्खियों में बना हुआ है. ताजा मामला तीन होमगार्ड जवानों को बिना पूर्व सूचना कार्य से विरमित किए जाने का है, जिससे विभागीय कार्यप्रणाली और प्रशासनिक संवेदनशीलता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं. प्राप्त जानकारी के अनुसार बरवाडीह अंचल कार्यालय में तैनात तीन होमगार्ड जवान—अनिमा टोपनो, जगमल सिंह एवं उपेंद्र कुमार—नियमित रूप से ड्यूटी पर कार्यरत थे. इसी दौरान जिला स्तर से जारी विभागीय आदेश के तहत प्रखंडवार होमगार्ड जवानों का मेडिकल टेस्ट लातेहार में आयोजित किया गया था. इन तीनों जवानों का मेडिकल टेस्ट 6 जनवरी को निर्धारित था.
होमगार्ड जवानों का आरोप है कि उन्होंने 5 जनवरी को मेडिकल जांच में शामिल होने की जानकारी लिखित आवेदन के माध्यम से अंचल कार्यालय को दी थी. उनका कहना है कि अंचलाधिकारी ने उनके आवेदन को उनके सामने ही फेंक दिया और कहा कि “जहां जाना है जाओ, छुट्टी नहीं मिलेगी.” इसके बावजूद विभागीय आदेश का पालन करते हुए तीनों जवान मेडिकल जांच कराने लातेहार चले गए.जवानों ने बताया कि जब वे 7 जनवरी को अंचल कार्यालय लौटकर अपनी हाजिरी बनाने पहुंचे, तो उपस्थिति रजिस्टर में कार्यालय के पत्रांक 15, दिनांक 06/01/2026 के तहत उन्हें “कार्य से विरमित” दर्शाया गया था. यह देखकर तीनों जवान स्तब्ध रह गए और मानसिक रूप से काफी आहत हुए.होमगार्ड जवानों का कहना है कि बिना किसी पूर्व सूचना या स्पष्ट कारण बताए इस तरह कार्य से विरमित किया जाना पूरी तरह अन्यायपूर्ण है.
इस घटना के बाद तीनों कर्मी मानसिक तनाव और अवसाद की स्थिति में चले गए हैं.मामले के सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक कार्यशैली को लेकर नाराजगी देखी जा रही है. लोगों का कहना है कि विभागीय आदेश के तहत मेडिकल जांच में जाना किसी भी कर्मचारी का अधिकार है और ऐसी स्थिति में इस तरह की कार्रवाई न केवल नियमों के खिलाफ है, बल्कि मानवीय दृष्टिकोण से भी निंदनीय है.वहीं इस मामले पर होमगार्ड डीएसपी इम्तियाज खान ने कहा कि यदि इस तरह का मामला सामने आया है तो इसकी जांच कराई जाएगी और जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी. वहीं अंचलाधिकारी लवकेश सिंह ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि अंचल दिवस होने के बावजूद संबंधित कर्मी ड्यूटी से नदारद रहे थे, जिस कारण उनके विरुद्ध यह कार्रवाई की गई.फिलहाल मामला जांच के दायरे में है और आगे की कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं.