रोहन निषाद/न्यूज11 भारत
चाईबासा/डेस्क: झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार रांची के निर्देशानुसार शनिवार को व्यवहार न्यायालय परिसर में चेक बाउंस (एन.आई. एक्ट) से जुड़े मामलों के निष्पादन के लिए एक 'विशेष लोक अदालत' का आयोजन किया गया. यह आयोजन जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डीएलएसए) के तत्वावधान में, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष मोहम्मद शाकिर के कुशल मार्गदर्शन में संपन्न हुआ.
दिन-प्रतिदिन बढ़ रही है लोक अदालत की लोकप्रियता: प्रधान जिला जज
इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश मोहम्मद शाकिर ने कहा कि वर्तमान परिवेश में विशेष लोक अदालत किसी परिचय की मोहताज नहीं है. त्वरित और सुलभ न्याय देने के कारण इसकी लोकप्रियता दिन-प्रतिदिन आम जनता के बीच बढ़ती जा रही है.
करोड़ों के मामलों का हुआ ऑन-द-स्पॉट निपटारा
विशेष लोक अदालत में प्री-लिटिगेशन और अदालतों में लंबित मामलों पर त्वरित सुनवाई करते हुए बड़ी सफलता हासिल की गई. प्राधिकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार के अनुसार प्री-लिटिगेशन मामले कुल 157 मामलों का निष्पादन किया गया, जिसमें *₹1,89,867* की राशि सेटल हुई.लंबित मामलें में विभिन्न न्यायालयों में लंबित 30 मामलों का निपटारा करते हुए ₹1,38,37,107 का सेटलमेंट किया गया. लोक अदालत में आज कुल 187 मामलों का सफलतापूर्वक निष्पादन किया गया, जिसके तहत कुल ₹1,40,26,974 (एक करोड़ चालीस लाख छब्बीस हजार नौ सौ चौहत्तर रुपये)** की समझौता राशि तय की गई.
15 दिनों तक चली थी प्री-सिटिंग की तैयारी
मामलों के सफल निष्पादन की पृष्ठभूमि की जानकारी देते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव रवि चौधरी ने बताया कि इस विशेष लोक अदालत को सफल बनाने के लिए गत 3 जुलाई से 17 जुलाई तक प्री-सिटिंग (पूर्व-सुनवाई) की व्यवस्था की गई थी. इसी सघन तैयारी का परिणाम रहा कि आज 18 जुलाई को सभी चिन्हित मामलों का सौहार्दपूर्ण वातावरण में सफलतापूर्वक निष्पादन कर लिया गया.