अम्बर कलश तिवारी/न्यूज11 भारत
धनबाद/डेस्क: धनबाद में प्रदूषण की स्थिति पर हाई कोर्ट ने बीसीसीएल और नगर निगम से जवाब तलब किया है. धनबाद में लगातार बढ़ते वायु प्रदूषण पर रोक लगाने के मामले की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने बीसीसीएल, नगर निगम और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से विस्तृत जवाब मांगा है. चीफ जस्टिस तरलोक सिंह चौहान और जस्टिस राजेश शंकर की अदालत ने ग्रामीण एकता मंच के बबलू सिंह की जनहित याचिका पर सोमवार को सुनवाई करते हुए यह निर्देश दिया. मामले की अगली सुनवाई 17 नवंबर को होगी.
सुनवाई के दौरान धनबाद नगर निगम की ओर से शपथपत्र दाखिल कर अदालत को बताया गया कि बीसीसीएल (भारत कोकिंग कोल लिमिटेड) के क्षेत्रों का रखरखाव भी नगर निगम को ही करना पड़ता है. इसके बाद भी बीसीसीएल से आवश्यक फंड नहीं मिलता है. फंड नहीं मिलने के कारण रखरखाव और सफाई कार्यों में कठिनाई होती है. निगम की ओर से कहा गया कि फंड की कमी के चलते प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े कई उपाय प्रभावी ढंग से लागू नहीं हो पा रहे हैं. इस संबंध में एक मामला पहले से ही अदालत में लंबित है.
अदालत ने बीसीसीएल को निर्देश दिया है कि वह नगर निगम के दावे पर अपना जवाब दाखिल करे और यह स्पष्ट करे कि जब रखरखाव का दायित्व निगम निभा रहा है, तो उसे फंड क्यों नहीं दिया जा रहा है. वहीं, राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने शपथपत्र दाखिल कर बताया कि पिछले कुछ महीनों में धनबाद के वायु प्रदूषण के स्तर में आंशिक कमी दर्ज की गई है. अदालत ने सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद मामले की अगली सुनवाई की तिथि 17 नवंबर निर्धारित की है.
यह भी पढ़ें: सरायकेला-खरसावां में महिला अपराध नियंत्रण, रोकथाम और सुरक्षा जागरूकता अभियान