अरुण कुमार यादव/न्यूज़11 भारत
गढ़वा/डेस्क: गढ़वा पुलिस अधीक्षक आशुतोष शेखर ने अपने कार्यालय स्थित समाहरणालय के सभागार में जिले की मासिक अपराध गोष्ठी आयोजित की गई. बैठक में जिले के सभी एसडीपीओ सभी थाना प्रभारी एवं ओपी प्रभारियों ने भाग लिया. गोष्ठी की शुरुआत में पुलिस अधीक्षक ने मुहर्रम पर्व को जिलेभर में शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए सभी थाना एवं ओपी प्रभारियों की सराहना करते हुए उन्हें बधाई दी.बैठक के दौरान पुलिस अधीक्षक आशुतोष शेखर ने जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा लंबित मामलों के शीघ्र निष्पादन के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए. उन्होंने 19 जुलाई 2026 को आयोजित होने वाली जेएसएससी (JSSC) परीक्षा को शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.उन्होंने संपत्तिमूलक अपराधों से संबंधित पुराने लंबित मामलों की समीक्षा कर उनका शीघ्र निष्पादन करने, हाल ही में न्यायिक हिरासत से रिहा हुए अपराधियों पर कड़ी निगरानी रखने तथा लापता व्यक्तियों (मिसिंग पर्सन) के मामलों में प्रभावी कार्रवाई करने का निर्देश दिया. साथ ही मालखाना प्रदर्श एवं एनडीपीएस (NDPS) से संबंधित जब्त वस्तुओं के समयबद्ध निष्पादन पर भी जोर दिया.पुलिस अधीक्षक ने सीमावर्ती थानों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर पशु तस्करी पर पूर्ण रोक लगाने के निर्देश दिए.
इसके अलावा सभी थाना एवं ओपी स्तर पर नशामुक्ति, बाल विवाह, डायन-बिसाही, सड़क सुरक्षा तथा समाज में व्याप्त अन्य कुरीतियों के विरुद्ध विद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों एवं अन्य संस्थानों में व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने को कहा.बैठक में नियमित रूप से दोपहिया एवं चारपहिया वाहनों की सघन जांच अभियान चलाने, मोटर वाहन अधिनियम के तहत आवश्यक कार्रवाई करने तथा एससी/एसटी अत्याचार अधिनियम से जुड़े मामलों में पीड़ितों के मुआवजे के लिए संबंधित विभाग को समय पर प्रस्ताव भेजने का भी निर्देश दिया गया. सड़क सुरक्षा के तहत दुर्घटना संभावित ब्लैक स्पॉट चिन्हित कर दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए विशेष उपाय करने पर भी बल दिया गया.इसके अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने नफीस (NAFIS) प्रणाली में कैदियों के फिंगरप्रिंट की अनिवार्य प्रविष्टि, पिछले माह दर्ज मामलों की समीक्षा कर अनुसंधान में तेजी लाने, डीजीएसपी एवं आईजीएसपी कॉन्फ्रेंस पोर्टल पर थानावार सूचनाओं की प्रविष्टि सुनिश्चित करने तथा एससी/एसटी एवं पॉक्सो अधिनियम से जुड़े मामलों का निर्धारित समय सीमा के भीतर निष्पादन करने का निर्देश दिया.बैठक में नक्सल मामलों के त्वरित निष्पादन, पासपोर्ट एवं चरित्र सत्यापन समयसीमा के भीतर पूरा करने, वारंट एवं कुर्की निष्पादन, ड्रंक ड्राइविंग, चोरी, लूट, डकैती, आर्म्स एक्ट, साइबर अपराध, एनडीपीएस, सीसीए, आईटी एक्ट, पीजी पोर्टल एवं अन्य महत्वपूर्ण मामलों में तेजी लाने पर भी विशेष बल दिया गया. साथ ही सभी अनुसंधानकर्ताओं को ई-साक्ष्य पोर्टल पर मामलों की अनिवार्य प्रविष्टि सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया.गोष्ठी के अंत में पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना एवं ओपी प्रभारियों को निर्देशों का गंभीरता से अनुपालन करते हुए कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी एवं जनोन्मुख बनाने के लिए समर्पित भाव से कार्य करने को कहा.