सागर कुमार/न्यूज11 भारत
भुरकुंडा/डेस्क: संयुक्त विस्थापित प्रभावित मोर्चा द्वारा पूर्व में विभिन्न ज्वलंत समस्याओं एवं 06 सूत्री मांगों के समाधान हेतु कई बार आवेदन एवं मांग-पत्र समर्पित किया गया था. परंतु आज तक सी.सी. एल. प्रबंधन एवं संगम आउटसोर्सिग कंपनी द्वारा मांगों के समाधान हेतु कोई ठोस एवं सकारात्मक पहल नहीं की गई है. इससे प्रभावित रैयतों एवं स्थानीय ग्रामीणों में गहरा असंतोष, नाराजगी एवं आक्रोश व्याप्त है. अतः संयुक्त विस्थापित प्रभावित मोर्चा को विवश होकर 28.07.2026 से संगम खुली खदान का कार्य पूर्णतः बंद करते हुए अनिश्चितकालीन धरना एवं चक्का जाम आंदोलन प्रारंभ करने की बात कही. और कहा कि यह आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक मोर्चा की जायज एवं लंबित मांगों पर सकारात्मक पहल या निर्णय नहीं लिया जाता. यदि आंदोलन के दौरान उत्पादन, परिवहन, आवागमन, कानून-व्यवस्था अथवा किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न होती है, तो उसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी सी.सी. एल. प्रबंधन, संगम आउटसोर्सिंग कम्पनी की होगी. मौके पर संजय मांझी, मन्ना राम मांझी,रोहित मुंडा, शंभू लाल मांझी, रामदास बेदिया, संजय कुमार सुनील नायक, निक्की मुंडा,राणा प्रताप सिंह,झारी मुंडा, फुलेश्वर राम, राजा राम प्रसाद,नरेंद्र बेदिया, सुनील बेदिया, सूरज कुमार, संतोष मांझी अनिल एक्का रहे.
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