न्यूज 11भारत
रांची/डेस्क: चिटफंड कंपनी के जरिए 521 करोड़ की ठगी करने के आरोपी चंदन भूषण सिंह से ED पूछताछ करेगी. पीएमएलए की विशेष कोर्ट ने ED को 5 दिनों की रिमांड की इजाजत दी है, जहां ED उससे ठगी के राज उगलवाएगी. साथ ही पता लगाएगी कि ठगी के पैसे को कहां-कहां इनवेस्ट किया गया.
आरोपी दंपति चंदन भूषण सिंह और प्रियंका सिंह, दोनों जमशेदपुर जेल में बंद थे. ईडी के द्वारा रिमांड की मांग पर दोनों को पीएमएलए की विशेष कोर्ट में पेश किया गया. बुधवार से आरोपी से पूछताछ होगी. 17 से 22 दिसम्बर तक ईडी रिमांड पर दोनों से पूछताछ करेगी. वहीं, आरोपी प्रियंका को 23 दिसंबर तक के लिए न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया है.
साकची थाना में दर्ज केस को टेकओवर कर ED ने ECIR दर्ज किया है. मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी ने 4 दिसंबर को रांची, जमशेदपुर, छत्तीसगढ़ समेत 20 ठिकाने पर छापेमारी की थी. 9 सितंबर 2025 को साकची थाना की पुलिस ने कोडरमा स्टेशन से चंदन भूषण सिंह और प्रियंका सिंह को गिरफ्तार किया था, जब दोनों आरोपी ट्रेन से सफर कर रहे थे. दोनों के खिलाफ करोड़ों की ठगी करने के आरोप में साकची थाना में 22 अप्रैल 2022 को प्राथमिकी दर्ज की थी.
दोनों आरोपी मैक्सिज़ोन टच प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के निदेशक है, जो मूलरूप से बिहार के वैशाली जिले के है.15 फीसदी ब्याज का लालच देकर 10 हजार भोले भाले लोगों को कंपनी में निवेश कराया था. जिससे करीब 150 करोड़ की ठगी की गई थी. रांची, हैदराबाद, छत्तीसगढ़, दिल्ली और उत्तरप्रदेश समेत कई शहरों के निवेशकों को मिलाया जाए तो ठगी की राशि 521 करोड़ रुपए है. मैक्सीजन कंपनी बताती थी कि वो शेयर मार्केट से लेकर क्रिप्टो करेंसी में निवेश करती है और मुनाफा कमाकर निवेशकों में बांटती है.
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