विशेष लोक अदालत

जिला स्तरीय मल्टी स्टेक होल्डर कंसल्टेशन कार्यक्रम, समाधान समारोह एवं NI एक्ट से संबंधित विशेष लोक अदालत का सफल आयोजन

कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश मो. तौफीकुल हसन द्वारा की गई.

By : Ark Sahuliyar
जिला स्तरीय मल्टी स्टेक होल्डर कंसल्टेशन कार्यक्रम, समाधान समारोह एवं NI एक्ट से संबंधित विशेष लोक अदालत का सफल आयोजन

राहुल सिंह/न्यूज़11 भारत
रामगढ़/डेस्क:
रामगढ़ के तत्वावधान में शनिवार को व्यवहार न्यायालय, रामगढ़ के सभागार (कॉन्फ्रेंस हॉल) में जिला स्तरीय मल्टी स्टेक होल्डर कंसल्टेशन कार्यक्रम, समाधान समारोह एवं एन.आई. एक्ट से संबंधित विशेष लोक अदालत का आयोजन किया गया.

कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश मो. तौफीकुल हसन द्वारा की गई. इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव श्री अनिल कुमार, लीगल एड डिफेंस काउंसिल के सदस्य, मध्यस्थ, अधिवक्तागण, पारा लीगल वोलेंटीयर्स एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे.

अपने संबोधन में माननीय प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश महोदय ने कहा कि न्यायालयों में लंबित वादों के त्वरित एवं सौहार्दपूर्ण निस्तारण के लिए सभी संबंधित विभागों एवं हितधारकों के मध्य समन्वय अत्यंत आवश्यक है. उन्होंने विशेष रूप से एन.आई. एक्ट से संबंधित मामलों के शीघ्र एवं आपसी सहमति से समाधान हेतु विशेष लोक अदालत की उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए सभी पक्षकारों से इसका अधिकाधिक लाभ उठाने का आहवान किया.

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव ने उपस्थित प्रतिभागियों को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण एवं झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा संचालित विभिन्न विधिक सहायता एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी. उन्होंने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण समाज के पत्येक जरूरतमंद एवं वंचित व्यक्ति को निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराने के लिए निरंतर कार्यरत है तथा वैकल्पिक विवाद समाधान प्रणाली के माध्यम से विवादों का शीघ्र एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जा रहा है.

कार्यक्रम के दौरान मल्टी स्टेक होल्डर परामर्श के माध्यम से न्यायिक प्रक्रिया को अधिक प्रभावी, सुलभ एवं जनोन्मुखी बनाने पर विस्तृत चर्चा की गई. साथ ही समाधान समारोह के माध्यम से आपसी सहमति एवं संवाद के आधार पर विवादों के समाधान को प्रोत्साहित करने तथा विशेष लोक अदालत के सफल संचालन हेतु आवश्यक रणनीतियों एवं समन्वय पर विचार-विमर्श किया गया.

कार्यक्रम में उपस्थित अधिवक्ताओं, लीगल एड डिफेंस काउंसिल के सदस्यों, मध्यस्थों एवं पारा लीगल वोलेंटीयर्स ने न्याय तक सभी की सहज पहुँच सुनिश्चित करने तथा अधिक से अधिक मामलों का सौहार्दपूर्ण निस्तारण कराने हेतु सक्रिय सहयोग का संकल्प व्यक्त किया.