राहुल कुमार/न्यूज11 भारत
शेरघाटी/डेस्क: डोभी थाना परिसर उस समय चर्चा का केंद्र बन गया, जब नगर पुलिस अधीक्षक (एसपी सिटी) कोटा किरण कुमार जनता दरबार सह जनसुनवाई कार्यक्रम में पहुंचे. कार्यक्रम शुरू होते ही एसपी सिटी की नजर फरियादियों की कम संख्या पर पड़ी. थाना परिसर में पुलिस पदाधिकारी और जवान तो बड़ी संख्या में मौजूद थे, लेकिन आम नागरिकों की संख्या काफी कम थी.
इस पर एसपी सिटी ने डोभी थाना अध्यक्ष मुकेश कुमार से सख्त लहजे में सवाल किया— “जनता कहां है?” संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई और थाना क्षेत्र में गश्ती वाहन के माध्यम से माइकिंग कर सूचना का प्रचार नहीं किए जाने पर थानाध्यक्ष को फटकार लगाई. साथ ही भविष्य में जनता दरबार की सूचना का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए.
एसपी सिटी कोटा किरण कुमार ने मौके पर कहा कि भूमि विवाद ही अधिकांश अपराधों की जड़ है. ऐसे मामलों में अंचल अधिकारी और पुलिस की संयुक्त पहल से दोनों पक्षों को बुलाकर स्थानीय स्तर पर समाधान निकाला जाएगा. उन्होंने कहा कि शनिवार को लगने वाले जनता दरबार में संबंधित अंचल अधिकारी और पुलिस पदाधिकारी की मौजूदगी में मामलों की सुनवाई कर निष्पादन किया जाएगा, ताकि विवाद स्थायी रूप से सुलझाए जा सके.
उन्होंने स्पष्ट कहा कि भूमि विवादों का समय पर समाधान नहीं होने से आपराधिक घटनाओं में वृद्धि होती है, इसलिए इनका स्थायी समाधान प्रशासन की प्राथमिकता है. इस मौके पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी शेरघाटी-2 अजय प्रसाद, सर्किल इंस्पेक्टर मोहम्मद नियाज अहमद, बहेरा थाना अध्यक्ष रवि रंजन कुमार, डोभी थाना अध्यक्ष मुकेश कुमार, सब-इंस्पेक्टर सुकरात कुमार सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी और जवान मौजूद रहे.
अधिकांश मामले भूमि विवाद से जुड़े
जनता दरबार के दौरान कुल 12 फरियादियों ने अपनी समस्याएं रखीं, जिनमें अधिकांश मामले भूमि विवाद से संबंधित थे. उषा बीज पंचायत के सरपंच दिनेश सिंह ने आरोप लगाया कि जमीन विवाद के बाद पंचायत करने पर उन्हें और उनके पुत्र को गलत तरीके से एससी-एसटी एक्ट में फंसा दिया गया है. उन्होंने बताया कि मामला पूर्ण होने के बावजूद चार्जशीट दाखिल हो चुकी है, जिससे न्याय मिलने में कठिनाई हो रही है. इसके अलावा पांडे गांव के राजेंद्र सिंह, मुंशी चौक के कालेश्वर यादव, रंजीत महतो, मालती देवी, उदय यादव, विजय यादव, राम रतन विश्वकर्मा, लखिया देवी समेत अन्य लोगों ने भी भूमि विवाद से संबंधित शिकायत दर्ज कराएं.
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