न्यूज 11 भारत / पटना डेस्क : भोजपुर के चर्चित भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में आज (शुक्रवार) नया राजनीतिक मोड़ आ गया। लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान भरत तिवारी के बिलौटी गांव पहुंचे और उनके परिवार के सदस्यों से मुलाकात की। मिली जानकारी के अनुसार गांव पहुंचते ही चिराग पासवान ने भरत भूषण तिवारी की तस्वीर पर घुटनों के बल बैठकर पुष्पांजलि अर्पित की। इसके बाद उन्होंने परिजनों से बातचीत कर घटना की पूरी जानकारी ली और भरत की मां को न्याय दिलाने का भरोसा दिया।
पहले गृह मंत्री से उठाया था मामला
इससे पहले चिराग पासवान ने अमित शाह से मुलाकात के दौरान भरत तिवारी एनकाउंटर का मुद्दा उठाया था। उन्होंने राजगीर में दो युवकों की हत्या मामले की भी चर्चा करते हुए दोनों घटनाओं की निष्पक्ष जांच कराने और पीड़ित परिवारों को शीघ्र न्याय दिलाने की अपील की थी।
सरेंडर के बाद गोली मारना गलत
बता दें कि गुरुवार को पटना पहुंचने पर मीडिया से बातचीत में केंद्रीय मंत्री ने भरत तिवारी एनकाउंटर पर खुलकर सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा था कि अगर किसी व्यक्ति ने आत्मसमर्पण कर दिया था, तो उसके बाद गोली चलाना पूरी तरह से गलत है। उन्होंने आगे कहा कि भरत तिवारी के पास से बरामद बताए गए हथियार की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, ताकि पूरे मामले की सच्चाई सामने आ सके। चिराग पासवान के इस बयान के बाद एनकाउंटर का यह मामला और अधिक राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है।
17 जून को हुआ था एनकाउंटर
जान लें कि 17 जून को भोजपुर पुलिस ने भरत भूषण तिवारी का एनकाउंटर किया था। गंभीर रूप से घायल भरत को इलाज के लिए पीएमसीएच भेजा गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मामले में परिजनों ने पुलिस कार्रवाई पर गंभीर सवाल उठाए और इसे फर्जी एनकाउंटर बताया। इसके बाद संबंधित एसडीपीओ, तत्कालीन थानाध्यक्ष समेत अन्य पुलिस अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।