रोहन निषाद/न्यूज 11 भारत
चाईबासा/डेस्क: चाईबासा चेबर ट्रस्ट 2021 की एक आपातकालीन बैठक में सत्र 2025- 27 के लिए एक कार्यसमिति की घोषणा कर दी गई. चाईबासा चेंबर के संस्थापक अनूप कुमार सुल्तानिया को अध्यक्ष, गुरमुख सिंह खोखर और सुनील दोदराजका को उपाध्यक्ष दीपक शर्मा को सचिव जितेंद्र मद्धेशिया को कोषाध्यक्ष घोषित किया गया है . कार्यकारिणी सदस्य के रूप में प्रदीप कुमार सिंह, जयप्रकाश मुंदड़ा, विमान कुमार पाल, संजय दोदराजका, दिलीप शर्मा, गोपेश प्रधान नियुक्त किया गया है .
चाईबासा चेंबर के संस्थापक सह नवनिर्वाचित अध्यक्ष अनूप कुमार सुल्तानिया ने आरोप लगाया है कि वर्तमान कार्यसमिति ने चाईबासा चेंबर के चुनाव को उपहास का पत्र बनाकर रख दिया है . शर्म के साथ-साथ कितने दुख की बात है कि 500 सदस्यों वाली संस्था में चुनाव में मुकाबले के लिए 17 सदस्य सामने नहीं खड़े हो रहे हैं . अपने चहितों को निर्विरोध जिताने के खेल का षड्यंत्र बहुत पहले रचा जा चुका था. इस बार निर्विरोध चुनाव का खेल रचा गया है अगली बार से चुनाव शायद चुनाव हो हीं नहीं.
इसके अलावा पिछले कुछ वर्षों से चाईबासा चेंबर में हो रही अनाप-क्षण खर्च और चुनाव में खड़े होने को इच्छुक व्यक्तियों को डरा धमका कर बैठाये जाने जैसी घटनाओं के कारण हमें आज चाईबासा चेंबर कार्यसमिति 2025-27 की घोषणा करनी पड़ रही है. यह नवनिर्वाचित कर समिति अब पुरी ईमानदारी के साथ चाईबासा चेंबर का संचालन करेगी.
अब यदि हमलोगों ने चाईबासा चेंबर का नियंत्रण अपने हाथों में नहीं लिया तो मेरे और मेरे 11 साथियों द्वारा आज से 25 वर्ष पूर्व स्थापित चाईबासा चेंबर को कुछ लोग अपने निजी स्वार्थों की पूर्ति हेतु बर्बाद कर देंगे, जो हम होने नहीं देंगे.
चाईबासा चेंबर का अगला चुनाव 2027- 29 का चुनाव पूर्व चुनावों की भांति निष्पक्ष और ईमानदारी से होगा.
चाईबासा चेंबर के सद्सयों लिए इससे ज्यादा शर्म की बात और क्या हो सकती है कि चाईबासा चेबर जैसे सम्मानित संस्था की कार्यसमिति की बैठके बार में आयोजित की जा रही है. जिसे रोकना हम सभी संस्थापक सदस्यों का पहला धर्म है और हम लोग अपने इस धर्म के पालन के लिए कोई भी कदम उठाने से नहीं हिचकेंगे .