ब्योमकेश मिश्रा/न्यूज़11 भारत
चंदनकियारी/डेस्क: प्रखंड स्तरीय पंचायत समिति की बैठक शुक्रवार को चंदनकियारी प्रखंड सभागार में प्रमुख निवारण सिंह चौधरी की अध्यक्षता में संपन्न हुई. बैठक में बिजली आपूर्ति की लचर व्यवस्था तथा विभागीय अधिकारियों और अभियंताओं की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए गए.
प्रमुख ने कहा कि प्रखंड में पावरग्रिड होने के बावजूद उपभोक्ताओं को दिन-रात मिलाकर मात्र आठ से दस घंटे ही बिजली मिल रही है. भीषण गर्मी में इससे व्यापारी, ग्रामीण और विद्यार्थी काफी परेशान हैं. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि विभाग की ओर से नियमित बिजली बिल का वितरण नहीं किया जा रहा है और उपभोक्ताओं से अवैध वसूली कर भयादोहन किया जा रहा है. प्रमुख ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि व्यवस्था में जल्द सुधार नहीं हुआ तो पंचायत समिति के सदस्य बिजली कार्यालय के समक्ष भूख हड़ताल पर बैठेंगे.
बैठक में प्रखंड मुख्यालय स्थित बंद पड़ी जलापूर्ति योजना को जल्द चालू करने तथा सभी पंचायतों के गांवों में खराब पड़े सैकड़ों चापाकलों की मरम्मत कराने का प्रस्ताव पारित किया गया. सदस्यों ने कहा कि इससे क्षेत्र में उत्पन्न जल संकट से लोगों को राहत मिल सकेगी.
इसके अलावा विभिन्न पंचायतों के करीब तीन दर्जन आंगनबाड़ी केंद्रों में सेविका और सहायिका चयन की प्रक्रिया पूरी होने के छह माह बाद भी जिला कार्यालय द्वारा अनुमोदन नहीं किए जाने पर नाराजगी जताई गई. प्रमुख ने कहा कि इस लापरवाही के कारण कई आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन प्रभावित हो रहा है.
बैठक में आपूर्ति, मनरेगा, शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की भी समीक्षा की गई. कई सदस्यों ने प्रखंड और अंचल कार्यालय की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि अधिकारियों और कर्मचारियों की मनमानी से आमजन परेशान हैं.
मौके पर बीडीओ अजय वर्मा, सीओ रवि कुमार आनंद, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. तृप्ति पांडेय सहित अन्य अधिकारी व पंचायत समिति सदस्य मौजूद थे.
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