प्रभात कुमार/न्यूज11 भारत
जमशेदपुर/डेस्क: जमशेदपुर के बिष्टुपुर थाना क्षेत्र के डीडी बार के बाहर हुई मारपीट और चापड़बाजी मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. इस घटना में घायल हुए हिमांशु सिंह की इलाज के दौरान मौत के बाद पुलिस ने एसआईटी का गठन कर ताबड़तोड़ छापेमारी शुरू की और अब तक दो आरोपियों समेत तीन विधि-विरुद्ध बालकों को हिरासत में लिया है. पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई हथियार, वाहनों और अन्य साक्ष्यों को भी जब्त कर लिया है. मामले में कई अन्य आरोपी अब भी फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए झारखंड समेत अन्य राज्यों में छापेमारी की जा रही है.
27 जून की रात करीब साढ़े 11 बजे बिष्टुपुर थाना क्षेत्र के डीडी बार के बाहर हिमांशु सिंह और प्रत्युष सिंह के साथ विशाल लोहरा उर्फ बेंदा, सोनू राम सरदार और उनके साथियों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था. विवाद के बाद आरोपियों ने अपने अन्य साथियों को बुलाकर धारदार हथियार और अन्य घातक हथियारों से दोनों युवकों पर जानलेवा हमला कर दिया.
इस हमले में हिमांशु सिंह और प्रत्युष सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिन्हें इलाज के लिए हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया. घटना की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एसआईटी का गठन किया गया. तकनीकी साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज और मानव आसूचना के आधार पर लगातार छापेमारी अभियान चलाया गया. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सोनू राम सरदार और राज लोहार को गिरफ्तार कर लिया, जबकि घटना में शामिल तीन विधि-विरुद्ध बालकों को भी निरुद्ध किया गया है.
पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई एक कुल्हाड़ी, खून के नमूने, आरोपियों की चप्पल, सीसीटीवी फुटेज, मोटरसाइकिल और तीन वाहनों को जब्त किया है. जांच में यह भी सामने आया है कि कुछ लोगों ने पुलिस कार्रवाई में बाधा डालते हुए गिरफ्तार आरोपियों को छुड़ाने की कोशिश की और पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की भी की. इस मामले में पुलिस पर हमला और सरकारी कार्य में बाधा डालने को लेकर अलग से प्राथमिकी दर्ज की गई है. फिलहाल पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है और इस पूरे मामले में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है.
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