न्यूज11 भारत
रांची/डेस्क: 8.86 एकड़ जमीन फर्जीवाड़ा से जुड़ा मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सीएम हेमंत सोरेन की डिसचार्ज पिटीशन पर 8 जून फैसला आएगा. यह फैसला PMLA की विशेष कोर्ट सुनाएगा. दोनों पक्षों की ओर से बहस पूरी होने के बाद कोर्ट ने अपने फैसले को सुरक्षित रखा है. कोर्ट के फैसले पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और जेएमएम पार्टी समेत राज्यवासियों की नजर टिकी हुई है. इस मामले में आरोपियों पर आरोप गठित होना है.
इससे पूर्व खुद को निर्दोष बताते हुए 5 दिसंबर 2025 को याचिका दाखिल कर हेमंत सोरेन ने आरोप मुक्त करने की कोर्ट से गुहार लगाई है. इस मामले में ईडी ने कई बार छापेमारी की थी. साथ ही कई लोगों को समन जारी करते हुए ईडी दफ्तर बुलाकर पूछताछ भी की थी. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन समेत करीब डेढ़ दर्जन के खिलाफ ईडी जांच करते हुए चार्जशीट दाखिल की है. मामले में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन समेत कई जमीन कारोबारी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था.
आपकी जानकारी के लिए बता दें, 31 जनवरी 2024 को ईडी ने पूछताछ के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को गिरफ्तार किया था. जिसके बाद 28 जून 2024 को झारखंड हाईकोर्ट से सीएम हेमंत सोरेन को जमानत मिला था. इस मामले में ईडी ने डेढ़ दर्जन आरोपियों को चार्जशीटेड आरोपी बनाया है.
यह भी पढ़ें: रिम्स जमीन फर्जीवाड़ा केस: दो आरोपियों की जमानत पर सुनवाई पूरी, 6 जून को आएगा फैसला