एपस्टीन की खौफनाक साजिश, एक साथ 20 महिलाओं को करना चाहता था प्रेग्नेंट! जानें क्या था Baby Ranch प्लान

By : Mansi Kumari
एपस्टीन की खौफनाक साजिश, एक साथ 20 महिलाओं को करना चाहता था प्रेग्नेंट! जानें क्या था Baby Ranch प्लान

न्यूज़11 भारत 
रांची/डेस्क:
अमेरिकी अपराधी जेफरी एपस्टीन से जुड़ी बदनाम फाइलें एक बार फिर सुर्खियों में हैं. 2019 में जेल में रहस्यमय हालात में मौत के बाद भी एपस्टीन को लेकर नए-नए खुलासे सामने आ रहे हैं. ताजा रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि एपस्टीन अपने डीएनए के जरिए इंसानों की एक तथाकथित “सुपर रेस” तैयार करना चाहता था, जिसके लिए उसने ‘बेबी रैंच’ जैसी खतरनाक योजना बनाई थी.

रिपोर्ट्स के अनुसार, एपस्टीन न्यू मेक्सिको स्थित अपने विशाल फार्महाउस को एक प्रजनन केंद्र में बदलना चाहता था. उसका मकसद था कि एक ही समय में कई महिलाओं को गर्भवती कराकर बड़ी संख्या में अपने बच्चे पैदा किए जाएं. दावा है कि वह एक साथ करीब 20 महिलाओं को प्रेग्नेंट करना चाहता था, ताकि उसके जीन से पैदा होने वाली नई पीढ़ी को “बेहतर और ताकतवर” बताया जा सके.

वैज्ञानिकों से भी की थी बातचीत
जांच से जुड़े दस्तावेजों और मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है कि एपस्टीन ने इस योजना को लेकर वैज्ञानिकों और बिजनेस जगत से जुड़े प्रभावशाली लोगों से बातचीत की थी. शुरुआती 2000 के दशक में उसने कथित तौर पर कहा था कि सांता फे के पास मौजूद उसका रैंच इस योजना का केंद्र बनेगा. वह बार-बार इस बात का दावा करता था कि उसके सीमेन से पैदा होने वाले बच्चे हाई IQ और बेहतर जीन वाले होंगे.

ट्रांसह्यूमनिज्म से जुड़ा बताया जा रहा विचार
विशेषज्ञों के मुताबिक, एपस्टीन की सोच ट्रांसह्यूमनिज्म से प्रभावित थी. यह विचारधारा तकनीक, जेनेटिक बदलाव और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के जरिए इंसानों की क्षमता बढ़ाने की बात करती है हालांकि आलोचकों का कहना है कि यह सोच खतरनाक यूजीनिक्स जैसी है, जिसमें चुनिंदा लोगों के जरिए इंसानी नस्ल को “बेहतर” बनाने का दावा किया जाता था. इतिहास में इसी तरह की विचारधारा का इस्तेमाल नाजी जर्मनी ने भी किया था.

महिलाओं को रैंच पर लाने की योजना
रिपोर्ट्स के अनुसार, एपस्टीन महिलाओं को अपने रैंच पर बुलाने, वहीं ठहराने और गर्भधारण से जुड़ी बातचीत करने में खास रुचि दिखाता था. जांच एजेंसियों का मानना है कि वह इस योजना को व्यवस्थित तरीके से लागू करना चाहता था, हालांकि इसके वास्तविक रूप से अमल में आने के ठोस सबूत अब तक सामने नहीं आए हैं.

एपस्टीन की मौत के बाद भी उसकी गतिविधियों और संपर्कों को लेकर कई सवाल अनुत्तरित हैं. ‘बेबी रैंच’ योजना को लेकर हो रहे खुलासे न सिर्फ उसकी विकृत सोच को उजागर करते है, बल्कि यह भी बताते है कि ताकत, पैसा और प्रभाव के दम पर वह किस हद तक जाने को तैयार था. जांच एजेंसियां मानती है कि एपस्टीन से जुड़ी कई परतें अभी भी पूरी तरह खुलनी बाकी हैं.

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