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रांची/डेस्क: झारखंड सरकार ने राज्य के प्रतिभाशाली युवाओं के लिए अंतरराष्ट्रीय शिक्षा के द्वार खोलते हुए एक महत्वपूर्ण पहल की है. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने घोषणा की है कि राज्य के 50 मेधावी छात्रों को यूनाइटेड किंगडम (UK) के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों में मास्टर्स की पढ़ाई के लिए शत-प्रतिशत वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी. इस विशेष छात्रवृत्ति कार्यक्रम के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X और अन्य आधिकारिक माध्यमों के जरिए जानकारी साझा करते हुए कहा कि यह पहल झारखंड के युवाओं को वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान बनाने का अवसर देगी और उनके शैक्षणिक सपनों को नई दिशा प्रदान करेगी.
पढ़ाई से लेकर रहने तक का पूरा खर्च उठाएगी सरकार
इस छात्रवृत्ति योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को पढ़ाई, आवास, भोजन और अन्य आवश्यक खर्चों की चिंता नहीं करनी होगी. इन सभी खर्चों का वहन राज्य सरकार करेगी. सरकार का उद्देश्य आर्थिक बाधाओं के कारण विदेश में उच्च शिक्षा का सपना देखने वाले प्रतिभाशाली छात्रों को मजबूत सहयोग प्रदान करना है. इसके अलावा महिला शिक्षा और सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिए योजना में छात्राओं के लिए 30 प्रतिशत सीटें आरक्षित की गई हैं. इससे अधिक संख्या में बेटियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा.
प्रतिभा को वैश्विक मंच तक पहुंचाने की पहल
राज्य सरकार की यह महत्वाकांक्षी छात्रवृत्ति योजना उन विद्यार्थियों के लिए तैयार की गई है जो शैक्षणिक रूप से उत्कृष्ट हैं, लेकिन आर्थिक संसाधनों की कमी के कारण विदेश में पढ़ाई नहीं कर पाते. सरकार का मानना है कि झारखंड में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, जरूरत केवल सही अवसर और मार्गदर्शन की है.इस पहल के माध्यम से विद्यार्थियों को दुनिया के अग्रणी शिक्षण संस्थानों में अध्ययन करने का मौका मिलेगा. सरकार को उम्मीद है कि उच्च शिक्षा प्राप्त कर लौटने वाले युवा राज्य के विकास और नवाचार को नई गति देंगे.
आवेदन की अंतिम तिथि नजदीक, जल्द करें प्रक्रिया पूरी
इच्छुक और पात्र उम्मीदवार झारखंड सरकार के आधिकारिक पोर्टल पर जाकर योजना से जुड़ी विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते हैं. आवेदन की अंतिम तिथि 20 जून 2026 निर्धारित की गई है. अधिकारियों ने छात्रों को सलाह दी है कि वे समय रहते आवश्यक दस्तावेज, जैसे आय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, शैक्षणिक प्रमाण पत्र और अन्य जरूरी कागजात तैयार कर ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि अंतिम समय में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े.
युवाओं के लिए सुनहरा अवसर
विशेषज्ञों का मानना है कि यह योजना झारखंड के छात्रों को अंतरराष्ट्रीय शिक्षा से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. इससे न केवल छात्रों को विश्वस्तरीय शिक्षा मिलेगी, बल्कि राज्य की प्रतिभाओं को वैश्विक मंच पर अपनी क्षमता साबित करने का अवसर भी प्राप्त होगा.
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