न्यूज़11 भारत
रांची/डेस्क: पश्चिम एशिया में ईरान के साथ 28 फरवरी से जारी युद्ध की परिस्थितियों के बीच स्टेट ऑफ होर्मुज के समुद्र में फंसी शिप अवाना के 47 वर्षीय कैप्टन राकेश रंजन सिंह का निधन हो गया. उनका परिवार रांची के अरगोड़ा स्थित वसुंधरा अपार्टमेंट में रहता हैं. मूल रूप से कैप्टन सिंह बिहार के नालंदा जिले के बिहारशरीफ के रहने वाले थे.
जानकारी के अनुसार, कैप्टन राकेश रंजन सिंह ने 2 फरवरी को छुट्टी के बाद शिप अवाना ज्वाइन की थी. यह शिप तेल लोड करने के लिए स्टेट ऑफ होर्मुज गई थी. तेल लोड करने के बाद 1 मार्च को शिप भारत की ओर रवाना हुई, लेकिन दुबई से लगभग 60 किमी दूर समुद्र में युद्ध की परिस्थितियों के कारण शिप को लंगर डालकर रुकना पड़ा. शिप पर कैप्टन सिंह समेत लगभग 35 स्टाफ सदस्य मौजूद थे, जो लगातार 18 दिनों तक समुद्र में फंसे रहे. इस दौरान उन्हें किसी भी तरह की नियमित मेडिकल सुविधा उपलब्ध नहीं हो सकी.
तबीयत बिगड़ने पर भी नहीं मिली एयर एंबुलेंस
18 मार्च को कैप्टन सिंह की अचानक तबीयत बिगड़ गई. शिप के अधिकारियों ने तुरंत दुबई एटीसी से संपर्क कर एयर एंबुलेंस की मांग की, लेकिन युद्ध की स्थिति के कारण अनुमति नहीं मिली. इसके बाद उन्हें बोट के जरिए दुबई तट तक लाया गया, जिसमें काफी समय लगा. समय पर चिकित्सा सुविधा न मिलने के कारण उनकी हालत बिगड़ती गई और अंततः हार्ट अटैक से उनका निधन हो गया.
कैप्टन राकेश रंजन सिंह का शव फिलहाल दुबई के शेख राशिद अस्पताल की मॉर्चरी में रखा गया हैं. परिजनों के अनुसार, शव को भारत लाने की प्रक्रिया चल रही हैं. पटना एयरपोर्ट पर शव पहुंचने के बाद इसे अंतिम संस्कार के लिए बिहारशरीफ, नालंदा ले जाया जाएगा.
यह भी पढ़े: रक्षक बना भक्षक! जो कभी लोगों के देखता था हाथ.. वहीं निकला असली बदमाश, नासिक में ज्योतिषी अशोक खरात गिरफ्तार