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धनबाद/डेस्क: झारखंड के धनबाद स्थित वासेपुर का कुख्यात गैंगस्टर प्रिंस खान अब राज्य पुलिस ही नहीं, बल्कि देश की राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसियों के लिए भी बड़ी चुनौती बन गया है. ताजा खुफिया इनपुट के मुताबिक दुबई में बढ़ती सख्ती के बाद वह पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में शरण ले चुका है. इस घटनाक्रम के बाद उसे आधिकारिक तौर पर 'आतंकवादी' घोषित करने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है.
पुलिस मुख्यालय को भेजा गया प्रस्ताव
जिला पुलिस ने प्रिंस खान की कथित देशविरोधी गतिविधियों को देखते हुए उसे आतंकी घोषित करने का प्रस्ताव पुलिस मुख्यालय को भेज दिया है. अगला चरण राज्य के गृह विभाग और फिर केंद्रीय गृह मंत्रालय को फाइल भेजने का होगा. सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि वह अब सिर्फ संगठित अपराध तक सीमित नहीं है, बल्कि विदेशी जमीन से भारत की सुरक्षा के लिए खतरा पैदा कर रहा है.
दुबई से पाकिस्तान तक
सूत्रों के अनुसार जांच एजेंसियों के दबाव और दुबई में कानूनी शिकंजा कसने के बाद उसके लिए वहां ठहरना मुश्किल हो गया था. गिरफ्तारी से बचने के लिए उसने कथित तौर पर अवैध रास्तों से पाकिस्तान का रुख किया. बताया जा रहा है कि दुबई में उसके साथ रहने वाले सात करीबी सहयोगी भी फिलहाल अंडरग्राउंड हैं.
प्रतिबंधित संगठनों से संपर्क की आशंका
खुफिया रिपोर्टों में दावा किया गया है कि पाकिस्तान पहुंचने के बाद उसने वहां सक्रिय प्रतिबंधित आतंकी संगठनों के तत्वों से संपर्क साधा है. आशंका जताई जा रही है कि वह झारखंड समेत आसपास के राज्यों में बड़ी आपराधिक या आतंकी वारदातों की साजिश रच सकता है. हालांकि इन दावों की आधिकारिक पुष्टि फिलहाल सार्वजनिक रूप से नहीं की गई है.
आपराधिक मामलों का लंबा रिकॉर्ड
प्रिंस खान का नाम धनबाद में कई सनसनीखेज मामलों में सामने आ चुका है. इनमें 24 नवंबर 2021 को नया बाजार में महताब आलम उर्फ नन्हे की हत्या, मई 2022 में हाउसिंग कॉलोनी स्थित ठेकेदार रामनरेश सिंह के आवास पर फायरिंग, दिसंबर 2022 में बैंक मोड़ के एक क्लिनिक लैब पर गोलीबारी, फरवरी 2023 में कार्मिक नगर के पास रिकवरी एजेंट उपेंद्र सिंह की हत्या, मई 2023 में वासेपुर के फहीम खान के बेटे इकबाल खान और ढोलू पर हमला तथा अक्टूबर 2023 में कार सेंटर संचालक दीपक अग्रवाल पर जानलेवा हमले जैसे मामले शामिल हैं. सुरक्षा एजेंसियां अब उसके अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क, फंडिंग स्रोतों और संभावित आतंकी कनेक्शन की गहन जांच में जुटी हैं.
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