इन फलों का नहीं बनता शेक, ये गलती पड़ सकती है भारी
Editor Name: News11 Bharat
गर्मी में ऐसी चीजों को खाने की सलाह दी जाती है जिसमें पानी की मात्रा ज्यादा होती है. दरअसल, इस मौसम में शरीर से पसीना ज्यादा निकलता है और बॉडी डिहाइड्रेशन का शिकार होने लगती है. ऐसे में खीरे जैसी हाइड्रेट चीजों को खाने की सलाह दी जाती है.
गर्मी में ठंडा-ठंडा शेक पीने की बात ही अलग है. पेट को ठंडक देने के अलावा इससे बॉडी को पोषक तत्व भी मिलते है लेकिन कुछ फलों के शेक बनाकर हमें भूल से भी नहीं पीना चाहिए. चलिए आपको बताते है.
जयपुर की आयुर्वेद एक्सपर्ट डॉ. किरण गुप्ता बताती है कि खट्टे फलों के साथ दूध को मिलाकर पीने से पाचन खराब हो सकता है. आयुर्वेद में इसे विरुद्ध आहार पुकारा जाता है.
विटामिन सी से भरपूर कीवी में अगर दूध मिलाकर शेक बनाया जाए तो ये पेट के लिए खतरनाक साबित हो सकता है. एसिड, एंजाइम और अधिक पानी से भरपूर कीवी को दूध के साथ मिलाकर पीने से पाचन बिगड़ सकता है.
गर्मी के फल तरबूज को सीधे खाना बेस्ट है. लेकिन कुछ लोग मोहब्बत का शरबत पीते है, जिसमें दूध के अंदर रूह अफजा और तरबूज के टुकड़े डाले जाते हैं. इन दोनों की पाचन गति अलग होती है और इनसे फर्मेंटेशन हो सकता है.
पपीते में पपेन होता है जो प्रोटीन को तोड़ता है. पपीते में जब मिल्क मिलाया जाता है तो एंजाइम का इफेक्ट प्रोटीन पर पड़ता है. ऐसे में डाइजेशन सिस्टम डिस्टर्ब होता है. इस वजह से पेट में दर्द, उल्टी और अपच होने लगती है.
मार्केट में स्ट्रॉबेरी का शेक ट्रेंड में है. आयुर्वेद कहता है कि इस फल के साथ दूध को मिलाकर सेवन करना भी पाचन तंत्र पर बुरा असर डालता है. इसके अलावा लीची का शेक भी भूल से नहीं पीना चाहिए