न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क
पटना - बिहार में अतिक्रमण हटाओ अभियान को लेकर राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है। इसी बीच केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने बड़ा बयान देते हुए साफ कहा कि अवैध कब्जा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन इस प्रक्रिया में गरीब और जरूरतमंद परिवारों के हितों की अनदेखी नहीं होनी चाहिए।
हाईलाइट्स -
- चिराग पासवान का अतिक्रमण हटाओ अभियान पर बड़ा बयान
- अवैध कब्जों पर सख्त कार्रवाई की मांग
- गरीब परिवारों को न उजाड़ने की अपील
- घर तोड़ने से पहले वैकल्पिक व्यवस्था जरूरी
- बिहार में बुलडोजर कार्रवाई पर सियासत तेज
अवैध कब्जे पर सख्ती की मांग
चिराग पासवान ने कहा कि राज्य में जितने भी घर अवैध तरीके से बने हैं, उन पर कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून का पालन जरूरी है और सरकारी जमीन पर कब्जा किसी भी हाल में स्वीकार्य नहीं होना चाहिए।
गरीबों को न हो परेशानी
हालांकि, उन्होंने यह भी जोड़ा कि कार्रवाई के दौरान यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी ऐसे परिवार को परेशान न किया जाए, जिनका उस जमीन पर वैध अधिकार है। उन्होंने प्रशासन से संवेदनशीलता के साथ काम करने की अपील की।
पहले वैकल्पिक व्यवस्था जरुरी
चिराग पासवान ने कहा कि उनकी पार्टी का हमेशा से यह रुख रहा है कि गरीब परिवारों के घर तोड़ने से पहले उनके लिए वैकल्पिक व्यवस्था की जानी चाहिए। बिना पुनर्वास के कार्रवाई करना उचित नहीं होगा।
सीएम का सख्त रुख
इससे पहले बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अतिक्रमण को लेकर कड़ा संदेश देते हुए कहा था कि राज्य में किसी भी तरह का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और सरकारी जमीन पर बने हर अवैध निर्माण को हटाया जाएगा।
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