प्रेम कुमार सिंह/न्यूज़11 भारत
गुमला/डेस्क: प्रखंड के सुपा पंचायत अंतर्गत डाडकेशा गांव के खेल मैदान में गांधी जयंती के अवसर पर शक्ति विकास युवा क्लब डाडकेशा के तत्वावधान में आयोजित सात दिवसीय फुटबॉल टूर्नामेंट का शनिवार को रोमांचक फाइनल मुकाबले के साथ समापन हुआ. फाइनल मैच नावाटांड रांची और महादेव चैगरी की टीम के बीच खेला गया. मुकाबले के दौरान दोनों टीमों के खिलाड़ियों ने जीत के लिए जोरदार प्रदर्शन किया, लेकिन निर्धारित समय तक कोई भी टीम गोल करने में सफल नहीं हो सकी. इसके बाद पेनाल्टी शूटआउट का सहारा लिया गया, जिसमें नावाटांड रांची की टीम ने एक गोल से जीत दर्ज कर खिताब अपने नाम किया. फाइनल मुकाबले से पूर्व मुख्य अतिथि विधायक के निजी सहायक अभिषेक लकड़ा, झामुमो प्रखंड अध्यक्ष जॉनसन बाड़ा, विधायक प्रतिनिधि प्रकाश उरांव एवं मुखिया सुशील उरांव ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त कर मैच का शुभारंभ किया. इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं खेलप्रेमी मैदान में मौजूद रहे और खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया. प्रतियोगिता के समापन पर आयोजन समिति की ओर से विजेता नावाटांड रांची की टीम को 18 हजार रुपये नगद राशि एवं एक बड़ा खस्सी देकर सम्मानित किया गया.
वहीं उपविजेता महादेव चैगरी की टीम को 14 हजार रुपये नगद एवं एक छोटा खस्सी प्रदान कर पुरस्कृत किया गया. पुरस्कार पाकर दोनों टीमों के खिलाड़ियों में काफी उत्साह देखा गया. मौके पर विधायक की ओर से खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए निजी सहायक अभिषेक लकड़ा ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है. खेल के माध्यम से युवा अपना बेहतर करियर बना सकते हैं. उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों से फुटबॉल और हॉकी के क्षेत्र में कई खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचकर देश का नाम रोशन किया है. युवाओं को अपनी खेल प्रतिभा को निखारने के लिए लगातार मेहनत करनी चाहिए. उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों एवं युवाओं से नशापान से दूर रहने की अपील करते हुए कहा कि नशा युवाओं के भविष्य को प्रभावित करता है. उन्होंने अभिभावकों से अपने बच्चों को बेहतर शिक्षा दिलाने तथा उन्हें खेल एवं अन्य रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ने की बात कही. सात दिवसीय फुटबॉल टूर्नामेंट के सफल आयोजन में आयोजन समिति के सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. पूरे टूर्नामेंट के दौरान आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में खेलप्रेमी डाडकेशा पहुंचे और खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया. फाइनल मुकाबले के दौरान अनिल उरांव, केवल मुंडा,जाबिर फरास सहित काफी संख्या में ग्रामीण एवं खेलप्रेमी उपस्थित थे.