अभिषेक राज/न्यूज11 भारत
गयाजी/डेस्क: गया. पूर्व मध्य रेल के डी.डी.यू. मंडल अंतर्गत रेलवे सुरक्षा बल पोस्ट गया ने ऑपरेशन विलेप के तहत वन्यजीव संरक्षण की दिशा में बड़ी सफलता हासिल की है. कल गया रेलवे स्टेशन पर रात्रि करीब 10:30 बजे आरपीएफ द्वारा की गई सघन गश्त के दौरान यह कार्रवाई की गई.
वरीय अधिकारियों के दिशा-निर्देशन में आरपीएफ पोस्ट गया के निरीक्षक प्रभारी बनारसी यादव एवं निरीक्षक चंदन कुमार के नेतृत्व में आरपीएफ, अ.आ.शा./गया तथा सीपीडीएस टीम द्वारा प्लेटफार्म संख्या 2 और 3 पर संयुक्त रूप से अपराध निगरानी की जा रही थी. इसी क्रम में प्लेटफार्म संख्या 3 पर खड़ी गाड़ी संख्या 13010 दून एक्सप्रेस के कोच एस-3 की जांच के दौरान पांच पिठू बैग एवं एक झोला संदिग्ध अवस्था में पाया गया.
जांच करने पर इन बैगों में कुल 102 अदद जीवित कछुए बरामद हुए. आसपास बैठे यात्रियों से पूछताछ के बावजूद कोई भी इन बैगों का दावा नहीं कर सका. चूंकि कछुए वन्य जीव संरक्षण अधिनियम, 1972 के तहत संरक्षित एवं अमूल्य जीव हैं, इसलिए उन्हें सुरक्षित रूप से बरामद कर आरपीएफ पोस्ट गया लाया गया.
इसकी सूचना तत्काल गयाजी वन विभाग को दी गई. वन विभाग की रेंज अधिकारी सुश्री आरती कुमारी को अग्रिम कार्रवाई हेतु सभी 102 कछुए सही-सलामत सौंप दिए गए. बरामद कछुओं की अनुमानित कीमत लगभग 51 लाख रुपये बताई गई है. आरपीएफ की यह कार्रवाई रेल यात्रियों की सुरक्षा के साथ-साथ वन्यजीव संरक्षण के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है.
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