अफरोज आलम/न्यूज़11 भारत
बिहार/डेस्क: मोहिउद्दीननगर से खबर है कि अवैध शराब के खिलाफ छापेमारी के दौरान पुलिस और शराब धंधेबाजों के बीच विवाद हुआ/ पुलिस ने डुमैनी गांव में कार्रवाई करते हुए दो शराब कारोबारियों को गिरफ्तार किया था, लेकिन कुछ लोग उन्हें जबरन पुलिस के कब्जे से छुड़ाकर भाग गए. पुलिस ने बताया कि भाग रहे शराब कारोबारियों और उन्हें बचाने के आरोप में रवि किशन पासवान को गिरफ्तार किया गया है.
पटोरी एलटीएफ को सूचना मिली थी कि कल्याणपुर बस्ती पश्चिम पंचायत के डुमैनी गांव में व्यापक पैमाने पर देसी शराब का निर्माण हो रहा है. सूचना मिलने पर एलटीएफ पटोरी के प्रभारी अफरोज आलम के नेतृत्व में पुलिस बल छापेमारी के लिए गांव पहुंचे. पुलिस ने रंगे हाथ ओमप्रकाश पासवान और हरेंद्र पासवान को गिरफ्तार कर वाहन में बिठाया. इसी दौरान उनके अन्य सहयोगियों ने पुलिस पर दबाव डालकर गिरफ्तार आरोपी को छुड़ा लिया. प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि पुलिस पर ईंट-पत्थर भी फेंके गए. हालांकि पुलिस ने पथराव की बात से इंकार किया और बताया कि केवल आरोपी को जबरन छुड़ाया गया था.
घटना की जानकारी मोहिउद्दीननगर पुलिस को मिलते ही थानाध्यक्ष सचिन कुमार के नेतृत्व में बड़ी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को नियंत्रित किया. पुलिस ने रवि किशन पासवान को गिरफ्तार कर थाने में बंद किया और फरार शराब कारोबारियों व घटना में शामिल अन्य लोगों की पहचान में जुट गई है. एलटीएफ प्रभारी अफरोज आलम ने थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई. प्राथमिकी में रवि किशन के अलावा फरार ओमप्रकाश पासवान, सुरेंद्र पासवान, रूपेश पासवान, रणवीर पासवान और दर्जनभर अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है. पुलिस ने आरोपियों के घर से 30 लीटर देसी शराब, शराब बनाने वाला चूल्हा, तसली, गैस सिलेंडर और अन्य उपकरण बरामद किए है. थानाध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि पुलिस पर हमला नहीं हुआ, केवल जबरदस्ती की गई थी. मामले की जांच और आगे की कार्रवाई जारी है.
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