न्यूज11 भारत / पटना डेस्क: बिहार के सहरसा जिले में शिक्षकों की बहाली को लेकर एक बड़ा खुलासा हुआ है। राज्य में सबसे विश्वसनीय मानी जाने वाली बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की परीक्षा पास करके नौकरी पाने वाले कई शिक्षक अब जांच के घेरे में हैं। जिले में पिछले तीन-चार सालों के दौरान नियुक्त हुए हजारों शिक्षकों के दस्तावेजों की जब बारीकी से जांच हुई, तो कई चौंकाने वाली अनियमितताएं सामने आई हैं। फर्जी प्रमाणपत्रों के सहारे नौकरी पाने वाले इन शिक्षकों पर अब बर्खास्तगी की तलवार लटक रही है।
TRE-1 से लेकर TRE-3 तक के रिकॉर्ड खंगाल रही सरकार
सहरसा जिले में BPSC के माध्यम से अब तक कुल 3895 विद्यालय अध्यापकों की बहाली हुई है। इसमें पहले चरण (TRE-1) में 1758, दूसरे चरण (TRE-2) में 1169 और तीसरे चरण (TRE-3) में 968 शिक्षकों की नियुक्ति की गई थी। विभाग अब इन सभी चरणों के शिक्षकों के कागजातों का दोबारा सत्यापन (Verification) कर रहा है। शुरुआती जांच में ही कई शिक्षकों के सर्टिफिकेट फर्जी पाए गए हैं, जिससे पूरे जिले के शिक्षा विभाग में खलबली मची हुई है।
कंप्यूटर शिक्षकों पर गिरी गाज, दो दर्जन से अधिक को नोटिस
जांच की आंच सबसे पहले कंप्यूटर विज्ञान के शिक्षकों पर पहुंची है। हाल ही में हुए सत्यापन में दो दर्जन से ज्यादा कंप्यूटर शिक्षकों के प्रमाणपत्रों में गड़बड़ी मिली है। विभाग ने इन सभी शिक्षकों से स्पष्टीकरण (Show Cause) मांगा है। संतोषजनक जवाब न मिलने पर इन सभी की सेवा समाप्त की जा सकती है और इन पर कानूनी कार्रवाई भी हो सकती है।
शिक्षा माफियाओं के सिस्टम पर खड़े हुए सवाल
एक समय था जब 2012-15 के बीच पहले आओ-पहले पाओ की तर्ज पर सर्टिफिकेट दिखाकर नौकरियां बांटी गई थीं, तब बड़ी संख्या में फर्जी शिक्षक पकड़े गए थे। लेकिन अब BPSC जैसी सख्त परीक्षा के जरिए बहाल हुए शिक्षकों का फर्जी निकलना यह दर्शाता है कि शिक्षा माफियाओं का जाल कितना गहरा है। विभाग अब इस बात की तह तक जाने की कोशिश कर रहा है कि आखिर कैसे फर्जी डिग्री के आधार पर इन लोगों ने आयोग तक को चकमा दे दिया।
सत्यापन से शिक्षकों में डर का माहौल
शिक्षा विभाग अब आर-पार के मूड में है। लगातार चल रहे डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन की वजह से उन शिक्षकों की नींद उड़ गई है जिन्होंने गलत तरीके से नौकरी हासिल की है। विभाग के अधिकारियों का साफ कहना है कि फर्जीवाड़ा करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही बड़ी कार्रवाई देखने को मिल सकती है।
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