न्यूज़11 भारत
बिहार/डेस्क: बिहार के शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों के छात्र-छात्राओं के विवरणों में सुधार के लिए ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर समय-सीमा बढ़ा दी है. अब अधिकारियों और स्कूलों को छात्रों के नाम, पिता का नाम, आधार नंबर और अन्य विवरणों में सुधार करने की अंतिम तिथि 10 मार्च 2026 तक दी गई है. पहले यह समय-सीमा 28 फरवरी थी.
प्राथमिक शिक्षा निदेशक ने बिहार के सभी जिलों के शिक्षा पदाधिकारियों और जिला कार्यक्रम पदाधिकारियों को पत्र लिखकर दिशा-निर्देश जारी किए है. पत्र में स्पष्ट किया गया है कि केवल उन छात्रों के डेटा में सुधार का मौका मिलेगा, जिनकी कक्षा में उपस्थिति 75 प्रतिशत या उससे अधिक है. इसके बाद कोई और समय सीमा नहीं बढ़ाई जाएगी.
बिहार में लगभग 4 लाख से अधिक छात्रों के डाटा में गड़बड़ी पाई गई है. यदि पोर्टल पर सुधार नहीं होगा तो छात्रवृत्ति, पोशाक, साइकिल जैसी योजनाओं में देरी हो सकती है. गलत नाम, आधार या अन्य विवरण होने से छात्रों की उपस्थिति, वर्ग और पात्रता का सत्यापन नहीं हो पाएगा, जिससे बैंक खाते में राशि हस्तांतरण की प्रक्रिया भी प्रभावित होगी. चालू सत्र 2025-26 में 2.52 लाख से अधिक छात्रों के डेटा में गड़बड़ी पाई गई है, जबकि 2024-25 सत्र के दो लाख से अधिक छात्रों का डेटा अभी भी गलत है.
यह भी पढ़े: पप्पू यादव ने NEET मामले में सरकार पर साधा निशाना, सुप्रीम कोर्ट जाने का ऐलान