दक्षिण पूर्व रेलवे के चक्रधरपुर मंडल में तैनात एक

चक्रधरपुर रेल मंडल में CBI की बड़ी कार्रवाई, ₹4 लाख की रिश्वत लेते डिप्टी चीफ इंजीनियर गिरफ्तार

न्यूज़11 भारत  चक्रधरपुर/डेस्क: दक्षिण पूर्व रेलवे के चक्रधरपुर मंडल में तैनात एक वरिष्ठ अधिकारी के खिलाफ केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने भ्रष्टाचार के मामले में बड़ी कार्रवाई की है. एजेंसी ने डिप्टी चीफ सिग्नल एवं टेलीकम्युनिकेशन इंजीनियर को कथित तौर पर ₹4 लाख की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है. इस मामले में कोलकाता स्थित निजी कंपनी एमआरटी सिग्नल्स लिमिटेड के दो प्रतिनिधियों को भी हिरासत में लिया गया है.

फाइलों की मंजूरी के बदले मांगी गई थी रिश्वत सीबीआई की शुरुआती जांच के अनुसार, आरोपी अधिकारी पर चक्रधरपुर मंडल में चल रही सिग्नल और टेलीकम्युनिकेशन परियोजनाओं से जुड़ी महत्वपूर्ण फाइलों को मंजूरी देने के एवज में रिश्वत मांगने का आरोप है. आरोप है कि कॉन्ट्रैक्ट वेरिएशन और प्राइस वेरिएशन क्लॉज से संबंधित फाइलों को आगे बढ़ाने तथा कंपनी को लाभ पहुंचाने के लिए अवैध रकम की मांग की गई थी. जांच के दौरान यह भी सामने आया कि इसी मामले में आरोपी अधिकारी कथित रूप से मई 2026 में ₹5 लाख की रिश्वत पहले ही ले चुका था.

हावड़ा स्टेशन पर बिछाया गया जाल, रिश्वत लेते ही दबोचा शिकायत मिलने के बाद सीबीआई ने 24 जुलाई को मामला दर्ज कर निगरानी शुरू की. जांच के दौरान जानकारी मिली कि आरोपी अधिकारी शेष ₹4 लाख की राशि लेने के लिए हावड़ा रेलवे स्टेशन पहुंचने वाला है. इसके बाद एजेंसी ने ट्रैप बिछाया और जैसे ही रिश्वत की रकम का लेन-देन हुआ, अधिकारी को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया. सीबीआई ने उसके पास से पूरी रिश्वत की रकम भी बरामद कर ली.

तीन राज्यों में एक साथ छापेमारी गिरफ्तारी के तुरंत बाद सीबीआई की अलग-अलग टीमों ने झारखंड, बिहार और पश्चिम बंगाल में आरोपी अधिकारी तथा मामले से जुड़े अन्य लोगों के घरों और कार्यालयों पर एक साथ छापेमारी की. तलाशी के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और डिजिटल साक्ष्य जब्त किए गए हैं, जिनकी जांच की जा रही है.

भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहने का दावा सीबीआई का कहना है कि पश्चिम बंगाल क्षेत्र में रिश्वतखोरी के मामले में इस तरह की ट्रैप कार्रवाई कई वर्षों बाद हुई है. एजेंसी ने स्पष्ट किया है कि सरकारी विभागों में भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए ऐसी कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी. मामले की जांच अभी जारी है और आने वाले दिनों में इससे जुड़े अन्य पहलुओं का भी खुलासा हो सकता है.

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