मनोहरपुर में समुदायिक पुलिसिंग के तहत नक्सली हिंसा से प्रभावित ग्रामीणों को दिया लाभ
न्यूज़11 भारत मनोहरपुर/डेस्क: जिस तरह मौसम बदल रहा है, उसी तरह क्षेत्र में नक्सली परिदृश्य तेजी से बदल रहा है. कल तक जहां सारंडा व आसपास के क्षेत्र नक्सल ग्रसित थे उनमे कई इलाके तेजी से नक्सली मुक्त हो रहे है. अब जिले में सिर्फ दो थाना क्षेत्र नक्सल प्रभावित बचे है. धीरे धीरे ये समाप्ति की ओर है. उक्त बातें जिला पुलिस कप्तान अमित रेनू ने कहा वे शनिवार को मनोहरपुर थाना परिसर में सामुदायिक पुलिसिंग के तहत आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे. उन्होंने कहा की हमारे पुलिस बल, सीआरपीएफ समेत सभी सुरक्षाबल तेजी से क्षेत्र को नक्सल मुक्त कराने के लिए कार्रवाई में जूटे हुए है. जिससे हम जल्द ही नक्सल वाद पर काबू पा लेंगे. वही इसी क्रम में हमें ग्रामीणों का सहयोग जरुरी होता है. कहा की नक्सली गतिविधियों के कारण कई ग्रामीण भी नक्सली हिंसा के शिकार हुए है. लोग रोजी रोजगार के लिए जंगल अंदर जाते हुए और लोगों के साथ घटनाये होती है. इसी क्रम में कई सारे दुर्घटनाएं भी पूर्व में हुई जिसमें हमारे कई सारे बहादुर जवान शहीद हुए नक्सलियों का यह कायराना हरकत है.कहा की उन हरकतो ने ग्रामीणों को काफी नुकसान पहुँचाया है. जंगल में आपको हरियाली दिखेगी नदियां देखेंगी और उसी जगह पर अचानक से आईडी ब्लास्ट होता है और आईडी ब्लास्ट होने के बाद लोग घायल हो जाते हैं कई लोगों का जान चला जाता है.तो उसके जो परिणाम होते हैं उसके वजह से पुरे परिवारों को बोझ पड़ता है नक्सलियों की कायरता पूर्ण काम होती है.
जल्द ही पुरे क्षेत्र से नक्सली समाप्त होंगे एसपी ने कहा की वर्तमान में पुलिस पुरे क्षेत्र को नक्सल मुक्त करने में जूटे हुए है. जल्द ही क्षेत्र पूरी तरह नक्सल मुक्त होगा, और पुरे क्षेत्र में विकास होगा. क्षेत्र में तेजी से बदलाव हो रहा है. जहां लोग सोच नहीं सकते उन क्षेत्र में भी हम लोग पहुंच रहे हैं.एक बार जब यह समस्या इस क्षेत्र से समाप्त होगी तो पूर्ण विकास होगा. इसके लिए लोगों का सहयोग जरुरी है. वहीं नक्सली हिंसा में मारे गए ग्रामीणों व घायल हुए ग्रामीणों के प्रति उन्होंने अपनी संवेदनाएं प्रकट किया. कहा की ग्रामीणों को विश्वास दिलाता हु कि पुलिस न सिर्फ आपके साथ खड़ी है बल्कि आपकी हर एक दूसरी समस्याओं में भी सहयोग करेंगे.
नक्सली सरेंडर करे, अन्यथा अंजाम बुरा होगा : एसपी एसपी ने मिडिया के माध्यम से नक्सलियों को चेतावनी देते हुए कहा की बचे हुए नक्सली झारखंड राज्य की आकर्षक पुनर्वास नीति है उसका लाभ ले, और समाज में अपना योगदान दे. कहा की अब वो दिन दूर नहीं की नक्सलवाद नामक समस्या का अंत होगा. जिस प्रकार अन्य राज्यो में कई नक्सली बड़े नेताओं ने सरेंडर किया है. उसी प्रकार बिना किसी शर्त के सरेंडर करें अन्यथा अंजाम बुरा उनका होगा. कार्यक्रम के दौरान नक्सली हिंसा में मृतक ग्रामीण नेलसन भेंगरा, सुनील सुरीन, सानियारों गगराई, पालो बोदरा, सीरिया हेरेंज, फूलो धनवार, सेलाई चेरोवा, जय सिंह चेरोवा व घायल सालमी कंडुलना, बिरसी धनवार, सब बोदरा, पालो बोदरा, पुलिस द्वारा सामग्री आदि का वितरण किया गया. मौके पर सीआरपीएफ 134 कमानडेंट त्रिलोकी नाथ,प्रशिक्षु आईपीएस राज कुमार डीएसपी किरिबुरु अजय केरकेट्टा,डीएसपी मनोहरपुर जयदीप लकड़ा,प्रशिक्षु डीएसपी प्रदीप कुमार, थाना प्रभारी मनोहरपुर अम्मीएल एक्का, थाना प्रभारी जराइकेला अमित कुमार, थाना प्रभारी चिड़िया वाहिद अंसारी, थाना प्रभारी छोटा नागरा सैनिक समड, बीडीओ शक्ति कुंज, सीओ प्रदीप कुमार, जिप उपाध्यक्ष रंजीत यादव, उप प्रमुख गोडवीन एक्का आदि मौजूद थे.
ग्रामीण जागरूक हो :-कमांडेंट मौके पर सीआरपीएफ 134 कमानडेंट त्रिलोकी नाथ ने भी सम्बोधन करते हुए ग्रामीणों को जागरूक रहने को कहा. कहा की नक्सली अब पूरी तरह समाप्ति की ओर है. प्रशासन को ग्रामीणों का सहयोग भी चाहिए. ग्रामीण अब आने वाले पीढ़ियों को बेहतर जीवन दे इसके लिए हम प्रयासरत है. ग्रामीण शिक्षा के प्रति जागरूक हो.