राजस्व विभाग का सख्त आदेश: लंबित काम निपटाने के लिए रोज 6 घंटे अतिरिक्त काम करना होगा
न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क
पटना - राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने राज्य में चल रहे फार्मर रजिस्ट्री सत्यापन कार्यों को तय समयसीमा के भीतर पूरा करने के लिए सख्त कदम उठाए हैं। विभागीय सचिव जय सिंह ने गुरुवार को आयोजित समीक्षा बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी स्तर पर काम में ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि लंबित मामलों का जल्द से जल्द निष्पादन सुनिश्चित किया जाए, ताकि किसानों से जुड़े रिकॉर्ड समय पर अपडेट हो सकें और योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी तरह की बाधा न आए। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हुई इस बैठक में सभी जिलों के अपर समाहर्ता जुड़े और प्रगति रिपोर्ट साझा की।
हाईलाइट्स -
- फार्मर रजिस्ट्री सत्यापन कार्यों में तेजी लाने के सख्त निर्देश
- लंबित मामलों के निपटारे पर विभाग का विशेष फोकस
- हड़ताल के बाद बढ़ा हुआ बैकलॉग जल्द खत्म करने का आदेश
- राजस्व कर्मियों को रोज अतिरिक्त समय देकर काम करने का निर्देश
- सुबह 6 से 9 और शाम 7 से 10 बजे तक अतिरिक्त ड्यूटी
- राजस्व न्यायालयों में वीसी सिस्टम लगाने की प्रक्रिया तेज
हड़ताल के बाद लंबित मामलों पर विशेष फोकस और अतिरिक्त कार्य समय
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि हाल ही में हुई हड़ताल के कारण जो मामले लंबित रह गए हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जाए। सचिव ने कहा कि बैकलॉग बढ़ना प्रशासनिक कामकाज की गति को प्रभावित करता है, इसलिए इसे तुरंत नियंत्रित करना आवश्यक है। इसके लिए एक विशेष कार्य योजना तैयार की गई है, जिसके तहत राजस्व कर्मचारियों को सुबह 6 बजे से 9 बजे तक और शाम 7 बजे से रात 10 बजे तक अतिरिक्त समय देकर कार्य करने का निर्देश दिया गया है। इस व्यवस्था का उद्देश्य पेंडिंग फाइलों को तेजी से निपटाना और राजस्व सेवाओं को समयबद्ध बनाना है, ताकि आम जनता को अनावश्यक देरी का सामना न करना पड़े।
राजस्व न्यायालयों में वीसी सिस्टम और अन्य प्रशासनिक सुधार
समीक्षा बैठक में राजस्व न्यायालयों की कार्यप्रणाली को आधुनिक बनाने पर भी जोर दिया गया। सचिव ने सभी न्यायालयों में विभाग द्वारा उपलब्ध कराए गए वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग सिस्टम की स्थापना शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए, जिससे सुनवाई और संवाद की प्रक्रिया अधिक प्रभावी और पारदर्शी हो सके। इसके अलावा अंचल अधिकारियों के लंबित वेतन भुगतान, कर्मचारियों से जुड़े स्थापना मामलों और अन्य प्रशासनिक कार्यों को भी प्राथमिकता पर निपटाने को कहा गया। बैठक में भू-अभिलेख एवं परिमाप निदेशालय के निदेशक सहित कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। साथ ही नालंदा जिले में आयोजित होने वाले मलमास मेला की तैयारियों की भी समीक्षा की गई और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।
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